ट्रैक्टर चालक ने नाबालिग संग दुष्कर्म कर किया गर्भवती, अब मिली 12 साल कठोर कारावास की सजा
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नाबालिग से दुष्कर्म कर उसे गर्भवती बनाने वाले को विशेष पॉक्सो जज रमा पांडेय की अदालत ने दोषी करार दिया है। अदालत ने दोषी को 12 साल के कठोर कारावास और 50 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। इसके अलावा उत्तराखंड अपराध पीड़ित सहायता कोष से पीड़िता व उसके बच्चे के भरण पोषण के लिए एक लाख रुपये मदद के भी आदेश दिए हैं।
शासकीय अधिवक्ता भरत सिंह नेगी ने बताया कि विकासनगर कोतवाली में एक युवती ने 22 अक्टूबर 2017 को अपनी 14 साल की बहन के दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज कराया था। दुष्कर्म का आरोप बाबूगढ़ निवासी एक ट्रैक्टर चालक शाहरुख पर था।
आरोप था कि शाहरुख ने लगभग छह माह तक उसकी बहन के साथ दुष्कर्म किया। इससे वह गर्भवती हो गई। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की और अगले दिन शाहरुख को गिरफ्तार कर लिया।
पीड़िता और शिकायतकर्ता उसकी बहन के मजिस्ट्रेटी बयान दर्ज कराए गए। इसके बाद पुलिस ने 55 दिन के बाद मुकदमे में चार्जशीट दाखिल कर दी। इस दरम्यान युवती ने एक बच्चे को जन्म दिया।
पुलिस ने बच्चे का डीएनए टेस्ट कराया, जिसका आरोपी शाहरुख के डीएनए से मिलान हुआ। शासकीय अधिवक्ता ने बताया कि इस मुकदमे में अभियोजन की ओर से कुल 13 गवाह प्रस्तुत किए गए।
हालांकि, अदालत ने डीएनए मिलान रिपोर्ट को ही सर्वोपरि और आरोपी को दोषी ठहराए जाने के लिए पर्याप्त बताया। इसके बाद उसे 12 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई। जुर्माने के 50 हजार में से 25 हजार रुपये पीड़िता को अदा किए जाने के आदेश दिए हैं।