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पशुओं को चारा देने जा रही थी महिलाएं तभी दिखाई दिया खून, आगे बढ़ीं तो पैरों तले खिसकी जमीन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई टिहरी
Updated Sat, 12 May 2018 08:03 AM IST
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leopard killed a woman
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महिलाएं पशुओं को चारा देने छानी में जा रही थी, तो रास्ते में उन्हें जगह-जगह खून ही खून दिखाई दिया। थोड़ा आगे बढ़कर जब उन्होंने देखा तो पैरों तले जमीन खिसक गई।
टिहरी के जाखणीधार ब्लॉक के कस्तल गांव में एक महिला अपने मायके में हो रही शादी में शामिल होने जा रही थी कि रास्ते में उसके सामने आदमखोर गुलदार आ गया।
बुधवार शाम गुलदार के हमले में एक महिला की मौत हो गई। महिला का अधखाया शव बृहस्पतिवार सुबह झाड़ियों के बीच बरामद हुआ है। महिला मायके में एक शादी समारोह में शामिल होने जा रही थी।
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टिहरी के जाखणीधार ब्लॉक के कस्तल गांव में एक महिला अपने मायके में हो रही शादी में शामिल होने जा रही थी कि रास्ते में उसके सामने आदमखोर गुलदार आ गया।
बुधवार शाम गुलदार के हमले में एक महिला की मौत हो गई। महिला का अधखाया शव बृहस्पतिवार सुबह झाड़ियों के बीच बरामद हुआ है। महिला मायके में एक शादी समारोह में शामिल होने जा रही थी।
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रात्रि गश्त के लिए वन कर्मियों की टीम गठित
तेंदुआ
- फोटो : self
गुलदार को पकड़ने के लिए गांव में पिंजरा लगा दिया गया है। रात्रि गश्त के लिए वन कर्मियों की टीम गठित कर दी गई है।
घटनाक्रम के मुताबिक कस्तल गांव निवासी भगवान सिंह बगियाल की पत्नी बिछना देवी (65) बुधवार शाम छह बजे अपने मायके मंदार गांव में भतीजे की शादी में शामिल होने जा रही थी।
तभी गांव से करीब आधा किमी दूर म्यूडी प्राथमिक विद्यालय के पास गुलदार ने हमला कर उसे मार डाला। रात का वक्त होने से मायके और ससुराल पक्ष के लोगों को घटना की जानकारी नहीं हो पाई।
घटनाक्रम के मुताबिक कस्तल गांव निवासी भगवान सिंह बगियाल की पत्नी बिछना देवी (65) बुधवार शाम छह बजे अपने मायके मंदार गांव में भतीजे की शादी में शामिल होने जा रही थी।
तभी गांव से करीब आधा किमी दूर म्यूडी प्राथमिक विद्यालय के पास गुलदार ने हमला कर उसे मार डाला। रात का वक्त होने से मायके और ससुराल पक्ष के लोगों को घटना की जानकारी नहीं हो पाई।
झाड़ियों के बीच बिछना देवी का अधखाया हुआ शव मिला
गुलदार
- फोटो : AmarUjala
मायके वाले यह मानकर चुप बैठ गए कि बिछना देवी शादी में नहीं आ रही है और परिजन मान रहे थे कि वह मंदार गांव पहुंच गई होगी।
बृहस्पतिवार सुबह जब कस्तल गांव की महिलाएं पशुओं को चारा देने छानी में जा रही थी, तो रास्ते में उन्हें जगह-जगह खून ही खून दिखाई दिया। एक जगह पर कपड़े और बाल पड़े हुए थे।
महिलाओं की सूचना पर गांव के लोग मौके पर पहुंचे। काफी खोजबीन के बाद झाड़ियों के बीच बिछना देवी का अधखाया हुआ शव मिला।
बृहस्पतिवार सुबह जब कस्तल गांव की महिलाएं पशुओं को चारा देने छानी में जा रही थी, तो रास्ते में उन्हें जगह-जगह खून ही खून दिखाई दिया। एक जगह पर कपड़े और बाल पड़े हुए थे।
महिलाओं की सूचना पर गांव के लोग मौके पर पहुंचे। काफी खोजबीन के बाद झाड़ियों के बीच बिछना देवी का अधखाया हुआ शव मिला।
दो बेटे विदेश में और एक मुंबई में नौकरी करता है
Leopard
सिर भी पूरी तरह नोचा हुआ था। सूचना पर रेंजर आशीष डिमरी टीम के साथ कस्तल गांव पहुंचे। वन कर्मियों को घटनास्थल के आसपास गुलदार के पंजे के निशान मिले। पंचनामा भरने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया गया है।
इस घटना से कस्तल गांव में कोहराम मचा हुआ है। मृतका के तीन बेटे हैं। दो बेटे विदेश में और एक मुंबई में नौकरी करता है।
रेंजर डिमरी ने बताया कि गुलदार को पकड़ने के लिए कस्तल गांव के पास एक पिंजरा लगा दिया गया है। एक और पिंजरा भेजा जा रहा है। रात्रि गश्त को वन कर्मियों की टीम भी गठित कर दी गई है। परिजनों को 90 हजार रुपये की तात्कालिक आर्थिक सहायता दी गई है।
इस घटना से कस्तल गांव में कोहराम मचा हुआ है। मृतका के तीन बेटे हैं। दो बेटे विदेश में और एक मुंबई में नौकरी करता है।
रेंजर डिमरी ने बताया कि गुलदार को पकड़ने के लिए कस्तल गांव के पास एक पिंजरा लगा दिया गया है। एक और पिंजरा भेजा जा रहा है। रात्रि गश्त को वन कर्मियों की टीम भी गठित कर दी गई है। परिजनों को 90 हजार रुपये की तात्कालिक आर्थिक सहायता दी गई है।