कुंभ मेला 2021: अखाड़ा परिषद की मांग, भू-समाधि के लिए विधिवत जमीन दिलाए सरकार
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अखाड़ों के संत महंत भूसमाधि के लिए लंबे समय जमीन आवंटित करने की मांग कर रहे हैं। आज तक सरकार ने विधिवत तरीके से अखाड़ों को जमीन आवंटित नहीं की है। इस बात को लेकर बैठक में सरकार के रवैये को लेकर नाराजगी जताई गई।
खाड़ा परिषद की बैठक में महामंत्री श्रीमहंत हरिगिरि ने इस मामले को प्रमुखता से उठाया। उन्होंने इस पर चिंता जताई कि भूमि आवंटित न होने से साधु संतों के शवों को जल समाधि देनी पड़ती है। कई बार पानी कम होने पर जलसमाधि देना संभव नहीं हो पाता।
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उन्होंने कहा कि गंगा प्रदूषित होने की दृष्टि से केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड जलसमाधि देने पर रोक लगा चुका है। संतों को भू-समाधि दी जा रही है, लेकिन भू-समाधि के लिए आज तक भूमि आवंटित नहीं की है। उन्होंने कहा कि प्रशासन ने नीलधारा के किनारे भूमि बता तो दी, लेकिन कानूनी तरीके से आवंटित नहीं की। उन्होंने नीलधारा के पास घाट भी बनाने की मांग उठाई।
संतों की हत्या की सीबीआई जांच मांग
परिषद की बैठक में महाराष्ट्र के पालघर में संतों की हत्या का मामला भी उठा। साधु संतों ने एक बार फिर से हत्याकांड की जांच सीबीआई से कराने की मांग की। बैठक में कहा गया कि अभिनेता सुशांत सिंह की मौत की तरह ही महाराष्ट्र के पालघर में 21 अप्रैल को दो साधुओं और उनके ड्राइवर की पीट-पीटकर हत्या के मामले में भी लीपापोती की गई है। सुशांत सिंह की तरह साधुओं की हत्या की जांच भी सीबीआई से कराई जाए, ताकि पूरी साजिश का पर्दाफाश हो सके।
महंत दिग्विजय नाथ और अशोक सिंघल को भारत रत्न दे सरकार
बैठक में राम मंदिर आंदोलन में अहम भूमिका निभाने वाले विहिप के राष्ट्रीय अध्यक्ष रहे स्वर्गीय अशोक सिंघल, गोरखनाथ पीठ के ब्रह्मलीन महंत दिग्विजय नाथ, निर्वाणी अणी के ब्रह्मलीन रामआश्रेय दास, दिगंबर अणि के ब्रह्मलीन महंत रामचंद्र परमहंस को भारत रत्न दिए जाने की मांग की गई है। अयोध्या आंदोलन के दौरान कार सेवकों पर दर्ज हुए मुकदमों को तत्काल वापस किया जाए। अखाड़ा परिषद जल्द अपनी मांगों को लेकर प्रधानमंत्री और गृहमंत्री को ज्ञापन देगी।