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केदारनाथ: धाम से भक्त लाए 10 टन कचरा वापस, आस्था के साथ अब पर्यावरण को नुकसान की तस्वीरें भी आ रहीं सामने
Sat, 12 Sep 2026 04:23 PM IST
Renu Saklani
राजेश सेमवाल मृदुल, रुद्रप्रयाग।
राजेश सेमवाल मृदुल, रुद्रप्रयाग।
Published by: Renu Saklani
Updated Sat, 12 Sep 2026 04:23 PM IST
सार
केदारनाथ धाम की यात्रा में श्रद्धालु अब आस्था के साथ हिमालय को स्वच्छ रखने की जिम्मेदारी भी निभा रहे हैं। ‘कैरी मी बैक’ अभियान के तहत भक्त अपने साथ केदारनाथ से 10 टन से अधिक कचरा वापस ला चुके हैं।
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केदारनाथ
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक
विस्तार
केदारनाथ धाम की यात्रा में आस्था के साथ अब पर्यावरण संरक्षण की तस्वीर भी सामने आने लगी है। हजारों श्रद्धालु जहां बाबा केदार के दर्शन के लिए पैदल पहाड़ी रास्ता तय करते हैं वहीं लौटते वक्त अपने साथ हिमालय क्षेत्र में फैला कचरा भी ला रहे हैं।
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हीलिंग हिमालयाज फाउंडेशन के कैरी मी बैक अभियान के तहत श्रद्धालुओं की भागीदारी से अभी तक केदारनाथ से 10 टन से ज्यादा कचरा नीचे पहुंचाया गया है। वहीं इस सीजन में फाउंडेशन ने केदारनाथ से 46 टन से ज्यादा प्लास्टिक और नॉन-बायोडिग्रेडेबल कचरा एकत्र किया है।
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केदारनाथ धाम में मटीरियल रिकवरी फैसिलिटी इन दिनों कचरा प्रबंधन में अहम भूमिका निभा रही है। इस यात्रा काल में अभी तक 46 टन से अधिक प्लास्टिक और नॉन-बायोडिग्रेडेबल कचरा एकत्र किया गया है।
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इस पूरी मुहिम में सबसे खास श्रद्धालुओं की भागीदारी है। अभियान के तहत चार हजार श्रद्धालु इस मुहिम से जुड़े और उन्होंने केदारनाथ से बेस कैंप तक एक-एक किलो कचरा वापस लाने की जिम्मेदारी उठाई।
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यहां एमआरएफ के माध्यम कचरे को एकत्र करने के साथ ही उसे अलग-अलग श्रेणियों में छांटने और रिसाइकिलिंग के लिए आगे भेजने का काम किया जा रहा है। कैरी मी बैक अभियान ने इस जिम्मेदारी को आगे बढ़ाया है। यह जिम्मेदारी सफाईकर्मियों तक सीमित नहीं है इसमें श्रद्धालु भी भागीदार बन रहे हैं।