भारत-अमेरिका सैन्य युद्धाभ्यास: दोनों देशों की सेना ने एक दूसरे से सीखे रणकौशल के अनोखे तरीके
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भारत और अमेरिका के सैनिकों ने जूबा (काल्पनिक देश) को आतंकियों के चंगुल से मुक्त कराकर वहां शांति स्थापित कर दी है। दोनों देशों के सैनिकों ने युद्धाभ्यास के तहत शानदार तालमेल दिखाते हुए करीब 20 आतंकियों को मार गिराया। सैन्य कार्रवाई के लिए सैनिक हेलीकाप्टर के माध्यम से जंग के मैदान में उतरे। युद्धाभ्यास की कड़ी में हुए इस ऑपरेशन के दौरान बेहतर संयोजन दिखाने पर दोनों देशों के सैन्य अधिकारियों ने जवानों की पीठ थपथपाई।
आतंकवाद और विद्रोह के खात्मे को लेकर भारत और अमेरिकी सैनिकों के बीच संयुक्त युद्धाभ्यास के समापन अवसर पर वैलिडेशन (सत्यापन) अभ्यास का आयोजन हुआ। दोनों देशों के सैनिकों ने मिलकर आतंकियों के खिलाफ अभियान चलाया। पिलखोली के जंगल में एक काल्पनिक देश ‘जूबा’ बसाया गया। देश के अंदर कई गुट कार्य कर रहे थे, जिससे वहां अशांति फैली हुई थी।
संयुक्त राष्ट्र वहां शांति स्थापित करना चाहता है, लेकिन एक गुट जो आतंकियों से मिला हुआ है, वह इसका विरोध कर रहा है। संयुक्त राष्ट्र के बैनर तले वहां भारतीय और अमेरिकी फौज पहुंचती है तो फौज पर हमला हो जाता है। आतंकी एक मंदिर के पुजारी का अपहरण कर लेते हैं। इसके बाद शुरू होता है कॉडन सर्च एंड डिस्ट्राय सहित तमाम ऑपरेशन। हेलीकॉप्टर के माध्यम से जंगे मैदान में सैनिकों को रस्सियों के सहारे उतारा जाता है। इस अभियान में एक सैनिक गंभीर रूप से घायल होता है, सेना दूसरे हेलीकॉप्टर के माध्यम से उसे अस्पताल भी पहुंचाती है। दोनों सेनाओं ने कुशल तकनीक का परिचय देते हुए आतंकियों को ढेर किया वहीं ग्रामीणों की सुरक्षा की।
अधिकारियों ने थपथपाई सैनिकों की पीठ
युद्धाभ्यास के तहत वैलिडेशन अभ्यास का भारतीय सेना के मेजर जनरल कविंद्र सिंह, मेजर जनरल मनोज कुमार कटियार और ब्रिगेडियर विजय काला और अमेरिका सेना के मेजर जनरल कैलिफोर्निया नेशनल गार्ड डेविड बैल्डविन, मेजर जनरल विलियम ग्राह्म और अमेरिकी दूतावास के ब्रिगेडियर डेविड ब्रिंघम ने निरीक्षण कर जवानों की पीठ थपथपाई। कहा कि दोनों देशों की सेनाओं ने मिलकर बहुत अच्छा कार्य किया है। भविष्य में इस युद्धाभ्यास के बेहतरीन परिणाम सामने आएंगे। इस दौरान कुमाऊं रेजीमेंट केंद्र के कमांडेंट ब्रिगेडियर जीएस राठोर भी युद्धाभ्यास देखने पहुंचे थे।
थर्मल इमेजर कैमरे से पकड़ में आई आतंकी गतिविधियां
दरअसल पिलखोली स्थित काल्पनिक देश जूबा में आतंकी गतिविधियों पर नजर रखने के लिए सेना ने चौबटिया में थर्मल इमेजर कैमरे लगाए हुए थे। इन कैमरों के माध्यम से रात्रि में भी गतिविधियां साफ देखी जा सकती हैं। सेना ने इन्हीं कैमरों की मदद से ‘जूबा’ में आतंकी गतिविधियों पर फोकस किया।
विधिवत समापन कल
भारत और अमेरिका के बीच संयुक्त सैन्य युद्धाभ्यास का विधिवत समापन 29 सितंबर को चौबटिया के गरुड़ा मैदान में होगा। दोनों देशों के बीच यह 14वां युद्धाभ्यास है। इस बार डिवीजन स्तर पर इसका आयोजन किया गया और दोनों देशों के 350-350 सैनिक युद्धाभ्यास का हिस्सा रहे।