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सातवें वेतनमान के तहत आज पहली सेलरी, मगर कई IAS को अभी पुराना वेतन
संजय त्रिपाठी/ अमर उजाला, देहरादून
Updated Wed, 01 Feb 2017 11:10 AM IST
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सातवें वेतनमान के तहत आज पहली सेलरी मिलने का दिन होने के बावजूद उत्तराखंड के एक दर्जन से ज्यादा आईएएस अफसरों को पुराना वेतन ही मिलेगा।
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ऐसा सातवां वेतनमान देने के लिए तैयार किए गए सॉफ्टवेयर में कमियों के चलते हुआ है। इसमें वेतन प्रतिपूर्ति का कालम ही नहीं बनाया गया है। लेखा विभाग ने इसकी सूचना कार्मिक विभाग को भेजी है।
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इस गड़बड़ी से राज्य में पीसीएस से आईएएस में प्रोन्नत हुए लगभग 16 अफसर प्रभावित हो रहे हैं। ये सभी शासन के विभिन्न विभागों और जिलों में नियुक्त हैं। इनमें अरविंद सिंह ह्यांकी, विनोद प्रसाद रतूड़ी, सुशील कुमार, विनय शंकर पांडेय, विनोद कुमार सुमन, सुरेंद्र नारायण पांडेय, दीपेंद्र चौधरी, विजय कुमार धौंडियाल, हरवंश सिंह चुघ, चंद्रशेखर भट्ट, अशोक कुमार, भूपाल सिंह मनराल, युगल किशोर पंत, अतुल कुमार गुप्ता, धीरज गर्ब्याल, रणवीर सिंह चौहान, उषा शुक्ला आदि के नाम हैं।
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गौरतलब है कि पीसीएस से आईएएस में प्रोन्नति के वक्त अधिकारियों का मौजूदा वेतन प्रोन्नति के बाद घट जाता है। ऐसा ग्रेड-पे में अंतर के चलते होता है। इसे ध्यान में रखते हुए पे-प्रोटेक्शन यानी वेतन संरक्षण की व्यवस्था राज्य में लागू है। इसमें जितना वेतन कम होता है, उसकी प्रतिपूर्ति की जाती है। हाल ही में सातवें वेतन आयोग की संस्तुतियों को राज्य में लागू किया गया है। इसके लिए ट्रेजरी की ओर से सॉफ्टवेयर तैयार किया गया, जिसमें प्रतिपूर्ति का कॉलम ही नहीं बनाया गया।
नतीजा यह हुआ कि राज्य के प्रमोटी आईएएस अफसरों के वेतन में सातवें वेतन आयोग का लाभ जुड़ ही नहीं पाया। ऐसे में उन्हें पुराना वेतन ही जारी किया गया है। लेखा विभाग ने इसकी सूचना कार्मिक विभाग को भी दी है। वित्त सचिव अमित नेगी ने बताया कि अभी इस संबंध में कार्मिक से कोई जानकारी नहीं मिली है। तकनीकी खामियों से जुड़ी तमाम अन्य दिक्कतें भी सामने आ रही हैं, जिन्हें धीरे-धीरे करके दूर किया जाएगा।
जनवरी माह से राज्यकर्मियों को सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों का लाभ मिलने जा रहा है। प्रदेश भर के लगभग डेढ़ लाख से ज्यादा अधिकारियों-कर्मचारियों को आज से बढ़ा हुआ वेतन मिलना आरंभ हो जाएगा। इससे करीब 3200 करोड़ रुपए का सालाना बोझ सरकारी खजाने पर पडे़गा। इसमें एरियर के मद में दिए जाने वाली राशि शामिल नहीं है। वेतनमान और ग्रेड पे का 125 फीसदी डीए भी राज्यकर्मियों को मिलेगा। सातवें वेतन आयोग लगने के बाद औसत 15 फीसदी की वेतन बढ़ोतरी होने जा रही है। सातवें वेतन आयोग के एरियर को पांच किस्तों में दिए जाने की तैयारी है। वित्त विभाग के सूत्रों की मानें तो 28 जनवरी से नए वेतनमान के हिसाब से पैसा ट्रांसफर करने की प्रक्रिया आरंभ हो चुकी है।