फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   hunting in raja ji national park

मुठभेड़ में 4 शिकारी कुत्तों की मौत, एक शिकारी घायल

Wed, 09 Jul 2014 10:10 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, रायवाला, ऋषिकेश
ब्यूरो/अमर उजाला, रायवाला, ऋषिकेश Updated Wed, 09 Jul 2014 10:10 AM IST
विज्ञापन
hunting in raja ji national park

उत्तराखंड के राजाजी नेशनल पार्क की मोतीचूर वन रेंज के अंतर्गत डांडा पूर्वी बीट में गश्त के दौरान पार्क कर्मियों की शिकार के इरादे से जंगल में घुसे शातिर शिकारियों से मुठभेड़ हो गई।

विज्ञापन


जवाबी हमले में छर्रे लगने से एक शिकारी घायल हो गया। पार्क कर्मियों ने मौके से घायल और उसके एक अन्य साथी को दबोच लिया, जबकि चार भागने में कामयाब रहे।

कर्मचारियों ने वन क्षेत्र में घंटों कांबिंग की, लेकिन फरार शिकारियों का कोई सुराग नहीं मिला। घटनास्थल से एक मृत गोह (मॉनिटर लिजर्ड) बरामद किया है, जो दुर्लभ प्रजाति का बताया जा रहा है।

विज्ञापन

चार शिकारी कुत्ते छोड़ दिए

hunting in raja ji national park

सोमवार सुबह मोतीचूर वनरेंज के सेक्सन अधिकारी गोविंद सिंह खाती के नेतृत्व में पार्क प्रशासन की टीम सुरक्षा के दृष्टिगत जंगल में गश्त कर रही थी।

करीब पांच, छह किमी अंदर पहुंचने के बाद उन्हें जंगल में कुछ आहट सुनाई दी। टीम आगे बढ़ी तो जंगल के अंदर छह सात शिकारियों को देख दंग रह गई।

टीम जब तक धरपकड़ की कार्रवाई करती, शिकारियों ने उनके ऊपर चार शिकारी कुत्ते छोड़ दिए। पार्क कर्मियों ने बचाव में फायर झोंक दिए।
गोली लगने से कुत्ते वहीं ढेर हो गए। तभी शिकारी तमंचे से फायर झोंकते हुए भागने लगे। पार्क कर्मियों ने जवाबी हमला किया। जिससे छर्रे लगने से एक शिकारी घायल हो गया। टीम ने घायल शिकारी और उसके साथी को पकड़ लिया, जबकि चार अन्य फरार हो गए। 

शिकारियों की पहचान

hunting in raja ji national park

पार्क प्रशासन ने मुठभेड़ में घायल शिकारी अजीवानाथ पुत्र बूटीराम जबकि हत्थे चढ़े साथी की पहचान बंटू पुत्र पिंटूनाथ निवासी सपेरा बस्ती, हरिपुरकलां के रूप में बताई है। सेक्सन अधिकारी जीएस खाती ने बताया कि मौके से फरार डमरू पुत्र काला, राकीनाथ, अशोक पुत्र रसीला निवासी सपेरा बस्ती, हरिपुरकलां हैं।

घायल शिकारी अस्पताल में भर्ती
शिकारी अजीवानाथ की पीठ पर गोली के छर्रे लगे हैं। उसे पार्क कर्मी चादर और डंडों की मदद से जंगल से कंधों पर उठाकर खांडगांव की सीमा तक लाए। बाद में उसे सरकारी अस्पताल, ऋषिकेश में भर्ती कराया गया। मौके पर पार्क प्रशासन के वार्डन एसपी शर्मा, पार्क कर्मी सुरेंद्र जोशी, दिनेश बिष्ट, अमीर चंद आदि मौजूद थे।

सुरक्षा में कहां चूक हुई है, यह जांच का विषय है। कितने शिकारी फरार हुए हैं, इसकी पुष्टि नहीं हुई है। फिलहाल छानबीन की जा रही है।
- एसपी सुबुद्धि, निदेशक पार्क प्रशासन

विज्ञापन

पार्क में वन्य जीवों की सुरक्षा पर उठे सवाल

hunting in raja ji national park

प्रतिबंधित पार्क क्षेत्र में रेंज कार्यालय के समीप स्थित रास्ते से आखिरकार शिकारी सात किलोमीटर भीतर जंगल में कैसे घुसे, यह इस घटना के बाद उभरा सबसे बड़ा सवाल है।

यह हाल तब है, जब पार्क प्रशासन वन्य जीव जंतुओं की सुरक्षा चाक चौबंद होने का दावा करता है। हैरत की बात यह कि पार्क प्रशासन को शिकारी मय हथियार जंगल में कब घुसे, इसकी सही जानकारी तक नहीं है।

पार्क क्षेत्र में मानवीय घुसपैठ प्रतिबंधित है। जलावन के लकड़ी तो दूर, यहां कोई बाहरी व्यक्ति बिना अनुमति के घूम भी नहीं सकता।

दावा किया जाता है कि पार्क कर्मी घुसपैठ रोकने के लिए नियमित गश्त करते हैं। लेकिन मंगलवार को डांडा पूर्वी बीट पर शिकारियों का जंगल में घुसकर दुर्लभ जीव गोह का शिकार करना पार्क प्रशासन की लापरवाही को उजागर करता है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed