उत्तराखंड: बारिश से मौसम हुआ सुहावना, अगले 12 घंटे प्रदेशभर में तेज आंधी का अलर्ट
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झमाझम बारिश के बाद दून और आसपास के इलाकों में मौसम सुहावना हो गया। बृहस्पतिवार देर शाम हुई बारिश के बाद रात को तापमान में गिरावट दर्ज की गई। जिससे लोगों को गर्मी और उमस से राहत मिली।
प्रदेश में अगले 12 घंटों के दौरान 80 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से आंधी आने की चेतावनी जारी हुई है। इसे लेकर आपदा प्रबंधन विभाग के राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र ने सभी जिलाधिकारियों को अलर्ट जारी कर दिया है। उन्हें चौकस रहने के निर्देश दिए गए हैं और आपदा की स्थिति में स्थलीय कार्रवाई के साथ इसकी सूचना तत्काल उपलब्ध कराने को कहा गया है।
सुबह से दून समेत आसपास के इलाकों में अच्छी धूप खिली हुई थी। दोपहर बाद हल्के बादल छाए तो सूरज की चमक फीकी पड़ने लगी। शाम होते-होते आसमान काले बादलों से घिर गया और तेज हवाएं चलने लगी। ज्यादातर इलाकों में हल्की बारिश शुरू हो गई जो कुछ देर बाद तेज बारिश में बदल गई।
शहर के अधिकांश क्षेत्रों में करीब आधे घंटे तक बौछारें पड़ती रही। इससे तापमान में गिरावट दर्ज की गई। मौसम केंद्र निदेशक बिक्रम सिंह ने बताया कि आज भी राजधानी के ज्यादातर क्षेत्रों में हल्के बादल छाने का अनुमान है। कुछ इलाकों में गरज और चमक के साथ बौछारें पड़ सकती है। कहीं-कहीं एक से दो दौर की तेज बारिश हो सकती है।
वहीं, आपदा प्रबंधन के इंसीडेंट रिस्पोंस सिस्टम (आईआरएस) के नामित अधिकारियों को हाई अलर्ट रहने को कहा गया है। राष्ट्रीय राजमार्ग, लोनिवि, एडीबी व बीआरओ को भी ताकीद किया गया है कि भारी बारिश व भूस्खलन से बाधित मोटर मार्गों को तत्काल खोला जाए। विभाग ने अगले 12 घंटे में देहरादून, हरिद्वार और पौड़ी में कहीं कहीं पर 60 से 70 किमी की रफ्तार से झक्कड़ आने की भी चेतावनी जारी की है।
सभी राजस्व उपनिरीक्षकों, ग्राम विकास व ग्राम पंचायत अधिकारियों को भी हाई अलर्ट रहने को कहा गया है। सभी अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपना मोबाइल फोन किसी भी सूरत में स्विच ऑफ नहीं करेंगे और किसी भी तरह की आपदा या दुर्घटना की स्थिति में उसकी सूचना तत्काल उपलब्ध कराएंगे। जिलाधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं असामान्य मौसम या भारी बारिश की चेतावनी के दौरान उच्च हिमालय क्षेत्र में पर्यटकों काजने की इजाजत न दी जाए।
मौसम विभाग से अलर्ट प्राप्त होने के तत्काल बाद सभी जिलाधिकारियों को चेतावनी जारी कर दी गई है। उन्हें अगले दो-तीन दिन पूरी सतर्कता के साथ जुटने को कहा गया है। मानसून के दौरान आपदा प्रबंधन की तैयारियों की लगातार समीक्षा हो रही है।
-अमित सिंह नेगी, सचिव, आपदा प्रबंधन