उत्तराखंड: सीएम ने किया कुंभ कार्यों का निरीक्षण, कहा- हरिद्वार की लाइफ लाइन होंगे पुल और फ्लाईओवर
- आज मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत कुंभ कार्यों का निरीक्षण और समीक्षा बैठक करने पहुंच रहे हरिद्वार
- पूर्व सीएम हरीश रावत ने कुंभ को पर्याप्त बजट नहीं देने का लगाया आरोप, सियासी गलियारों में हलचल
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत हरिद्वार में महाकुंभ के कार्यों की प्रगति पर संतुष्ट नजर आए। उन्होंने कहा कि कोरोनाकाल की विषम परिस्थितियों के बाद भी सभी कार्य गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय पर पूरे हो रहे हैं। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि अवस्थापना विकास के 98 फीसदी कार्य 31 दिसंबर तक पूरे हो जाएंगे। बाकी दो फीसदी कार्य भी जनवरी के अंतिम सप्ताह तक पूरे हो जाएंगे। उन्होंने कहा कि पुल, फ्लाईओवर और सड़कें हरिद्वार की लाइफ लाइन बनेंगे।
बृहस्पतिवार को मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत नारसन से रुड़की के मध्य राष्ट्रीय राजमार्ग के निरीक्षण के बाद हरिद्वार पहुंचे। हरिद्वार में रानीपुल झाल में निर्माणाधीन पुल और लोक निर्माण विभाग की ओर से बनाए जा रहे विभिन्न पुलों व मेला क्षेत्र के अंतर्गत विभिन्न निर्माण कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि हरिद्वार देश के ही नहीं विदेश के श्रद्धालुओं का भी आस्था का प्रमुख केंद्र है। पूरे साल स्नान पर्व होते हैं। कांवड़ मेला होता है। विकास कार्य होने के बाद पर्वों पर श्रद्धालुओं के लिए आवागमन में काफी सुविधा होगी।
मेला क्षेत्र में सौंदर्यीकरण पर विशेष ध्यान दें: रावत
मुख्यमंत्री ने कहा कि कुंभ मेला क्षेत्र में सौंदर्यीकरण कार्यों पर भी विशेष ध्यान दिया जाए। यात्रा मार्गों पर साइनेज की पर्याप्त व्यवस्था, पार्किंग स्थलों, स्वच्छता, पेयजल और अन्य मूलभूत आवश्यकताओं की उचित व्यवस्था की जाए। कोविड-19 के कारण बीच में जो निर्माण कार्य प्रभावित हुए हैं, उनमें तेजी लाई जाए।
हरकी पैड़ी पर पूजा अर्चना कर लिया आशीर्वाद
मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कुंभ कार्यों का निरीक्षण करने के बाद हरकी पैड़ी पर पूजा अर्चना कर मां गंगा का आशीर्वाद लिया। उन्होंने प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि की कामना ही। मेलाधिकारी दीपक रावत ने कुंभ मेला क्षेत्र में चल रहे विभिन्न कार्यों की जानकारी दी। कहा कि स्थायी प्रकृति के अधिकांश कार्य पूरे होने वाले हैं। कुंभ शुरू होने से पहले सभी कार्य पूरे हो जाएंगे। घाटों का सौंदर्यीकरण, सफाई, अतिक्रमण हटाने, स्वच्छता के कार्य लगातार किए जा रहे हैं।
इस दौरान शहरी विकास मंत्री मदन कौशिक, विधायक आदेश चौहान, प्रदीप बत्रा, कुंवर प्रणव चैंपियन, मुख्य सचिव ओम प्रकाश, सचिव आरके सुधांशु, शैलेष बगोली, आईजी मेला संजय गुंज्याल, जिलाधिकारी सी रविशंकर, एसएसपी सैंथिल अबूदई कृष्णराज एस, अपर मेलाधिकारी हरबीर सिंह मौजूद रहे।
सीएम की अफसरों को नसीहत
मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने मेला नियंत्रण कक्ष में कुंभ आयोजन तैयारियों की समीक्षा बैठक की। अधिकारियों से कहा कि कुंभ के कार्य हर हाल में समय पर पूरे किए जाएं। जरूरत पड़ने पर मजदूरों की संख्या और शिफ्ट बढ़ाई जाए। कुंभ क्षेत्र के मठ, मंदिर, आश्रम, धर्मशाला, अखाड़ा और पेशवाई मार्ग को दुरुस्त कर लिया जाए। मनसा देवी और चंडी देवी मार्ग का सुदृढ़ीकरण किया जाए। कार्यों में पारदर्शिता और ईमानदारी बनाए रखने की नसीहत भी दी। सीएम ने कहा कि कुंभ के बाद और कुंभ के दौरान कार्यों पर किसी प्रकार के प्रश्न चिह्न उठने की आशंका न रहे।
प्री-फेब्रिकेटेड पावर डिस्ट्रीब्यूशन सेंटरों का लोकार्पण
मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने 33/11 केवी उपसंस्थान जगजीतपुर और ललतारौ का लोकार्पण किया। कुंभ मेला-2021 के अंतर्गत हरिद्वार क्षेत्र में अस्थायी सेक्टरों व पार्किंग में कुंभ की विद्युत मांग को देखते और वर्तमान उपसंस्थानों का लोड मैनेजमेंट के लिए इनको बनाया गया है। दोनों उपसंस्थान प्री-फेब्रिकेटेड पावर डिस्ट्रीब्यूशन सेंटर आधुनिक तकनीक पर आधारित हैं। यह कुंभ क्षेत्र हरिद्वार में पहले उपसंस्थान होंगे।
कुंभ मेला में प्रस्तावित कनखल, बैरागी कैंप सेक्टरों को कनखल उपसंस्थानों से विद्युत आपूर्ति होनी है। इसका लोड कम करने के लिए जगजीतपुर में उपसंस्थान का निर्माण किया गया है। इसी तरह उपसंस्थान लालजीवाला और मायापुर का लोड कम करने व रोडीबेलवाला एवं हरकी पैड़ी सेक्टरों में विद्युत आपूर्ति देने के लिए ललतारौ उप संस्थान तैयार किया है। 132 केवी उपसंस्थान भूपतवाला और ज्वालापुर से निकलने वाले 33 केवी फीडरों से पोषित होगा। इस अवसर पर यूपीसीएल के प्रबंध निदेशक नीरज खैरवाल आदि अधिकारी मौजूद रहे।