Uttarakhand News: प्रदेश में लटकीं आधी-अधूरी परियोजनाएं होंगी पूरी, मिसिंग लिंक फंड में मांगे प्रस्ताव
सचिव वित्त की ओर से सभी विभागों के सचिवों को पत्र लिखकर प्रस्ताव मांगे गए हैं, ताकि फंड में पैसा जारी कर आधी-अधूरी परियोजनाओं को पूरा किया जा सके। मिसिंग लिंक फंड में ऐसी परियोजनाओं के लिए पैसा जारी किया जाता है, जो किसी कारणवश या बजट के अभाव में आधी-अधूरी रह जाती हैं।
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प्रदेश में विभिन्न कारणों से लटकीं आधी-अधूरी परियोजनाएं अब पूरी हो सकेंगी। शासन ने तमाम विभागों से ऐसी परियोजनाओं के प्रस्ताव मांगे हैं, ताकि उनके लिए बजट जारी कर उन्हें पूरा किया जा सके। इसके लिए मिसिंग लिंक फंड में कुल 492.67 करोड़ के सापेक्ष इस वित्तीय वर्ष (2023-24) में 125 करोड़ का प्रावधान किया गया है।
इस संबंध में सचिव वित्त दिलीप जावलकर की ओर से सभी विभागों के सचिवों को पत्र लिखकर प्रस्ताव मांगे गए हैं, ताकि फंड में पैसा जारी कर आधी-अधूरी परियोजनाओं को पूरा किया जा सके। मिसिंग लिंक फंड में ऐसी परियोजनाओं के लिए पैसा जारी किया जाता है, जो किसी कारणवश या बजट के अभाव में आधी-अधूरी रह जाती हैं।
इनमें सड़क, पुल, लिंक मार्ग, कार्यालय भवन और अन्य सरकारी योजनाओं से संबंधित निर्माण को शामिल किया जाता है। केंद्र सरकार ने ऐसी परियोजनाओं के लिए मिसिंग लिंक फंड बनाया है। इसके लिए विभागों को पीएम गति शक्ति पोर्टल पर ऐसी परियोजनाओं की जानकारी देनी के साथ प्रस्ताव देना होता है। इसके बाद मुख्य सचिव की अध्यक्षता में उच्चाधिकारी प्राप्त समिति (एचपीसी) प्रस्तावों का अनुमोदन करती है।
स्वीकृति के साथ बजट जारी
प्रदेश में अब तक इस फंड के तहत कुल 492.67 करोड़ रुपये की धनराशि के 168 कार्यों की स्वीकृति दी गई है। इसके अलावा वित्तीय वर्ष 2022-23 में 200 करोड़ रुपये की धनराशि जारी की गई थी। इस धनराशि के सापेक्ष 56 कार्यों के लिए 46.50 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई। इस राशि में में से 28.70 करोड़ रुपये की धनराशि जारी की जा चुकी है।
सचिव वित्त दिलीप जावलकर की ओर से सभी विभागों के सचिवों को जारी पत्र में कहा गया है कि चालू वित्तीय वर्ष में मिसिंग लिंक फंड में 125 करोड़ रुपये धनराशि का प्रावधान किया गया है। इसलिए सभी विभाग योजना अंतर्गत आधी-अधूरी परियोजनाओं के प्रस्ताव शीघ्र तैयार कर भेजें, ताकि उन्हें स्वीकृति के साथ बजट जारी किया जा सके।
लोनिवि की छह सड़कों और पुलों के लिए पैसा जारी
लोनिवि के राज्य सेक्टर में संचालित परियोजनाओं के लिए मिसिंग लिंक फंड में 31 करोड़ 30 लाख 56 हजार रुपये जारी किए गए हैं। इस फंड से लोनिवि पुल और सड़क की छह परियोजनाओं को पूरा कर पाएगा। इसके तहत चमोली में दशोली में एक पुल के लिए 12.48 लाख रुपये, बुरांश में पैदल पुल के लिए 11.01 लाख रुपये, टिहरी में हिंडोलाखाल मूल्यागांव मोटर मार्ग के लिए 16.90 लाख रुपये, हिंडोलाखाल पलेठी मोटर मार्ग के लिए 16.90 लाख रुपये, उत्तरकाशी में मोरी में गर्डर मोटर पुल के लिए 2040.46 लाख रुपये और कोटीगाड़ में 90 मीटर स्पान झूला पुल के लिए 993.88 लाख रुपये जारी किए गए हैं।
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कई कारणों से बजट में विभागों की कई परियोजनों कई बार लटक जाती हैं। ऐसी परियोजनाओं के लिए मिसिंग लिंक फंड में मुख्य सचिव की अध्यक्षता में बनी कमेटी की संस्तुति के बाद पैसा जारी किया जाता है। पिछले बैठक में कुछ परियोजनाओं को मंजूरी दी गई थी। अगली बैठक से पूर्व विभागों से ऐसी परियोजनाओं के प्रस्ताव मांगे गए हैं। जिन्हें अनुमोदन के लिए एचपीसी में रखा जाएगा। - दिलीप जावलकर, सचिव, वित्त विभाग