हज यात्रा 2018: उत्तराखंड से इस बार एक साल की बच्ची भी करेगी हज यात्रा
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हज हाउस पिरान कलियर में उत्तराखंड हज कमेटी के अध्यक्ष हाजी राव शेर मोहम्मद ने प्रेसवार्ता कर 2018 में हज पर जाने वाले हाजियों से संबंधित जानकारी दी । उन्होंने बताया कि इस बार उत्तराखंड से 1220 आवेदक हज पर जा रहे हैं। जिसमें एक वर्ष की छोटी बच्ची भी शामिल है। जिसका पूरा खर्च 11 हजार 400 रुपए है।
हज पर जाने वाले चयनित आवेदक की फर्स्ट कैटेगिरी की धनराशि 259950 और सेकेंड कैटेगरी 225800 धनराशि निर्धारित की गई है। जो कि हज कमेटी ऑफ मुंबई के खाते में जमा करानी है। जो चयनित आवेदक हज यात्रा के दौरान हज कमेटी से कुर्बानी कराना चाहता है उन आवेदकों को 8000 रुपए प्रति आवेदक उक्त धनराशि में जोड़कर जमा करना होगा।
उन्होंने बताया कि प्रत्येक हाजी की पहली किस्त 81000 हजार रुपए जमा हो चुकी हैं। बकाया धनराशि जमा करने की अंतिम तिथि 23 मई निर्धारित की गई है। उन्होंने बताया कि सऊदी सरकार ने उन हज यात्रियों पर पेनाल्टी लगा दी है जो पहले हज और उमरा कर चुका है दोबारा जाने पर 35202 प्रति हाजी के हिसाब से अलग से जमा कराने होंगे।
उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष हवाई किराया 67419 था जो इस बार जीएसटी और अन्य टैक्स लगाकर 70100 कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि सरकार ने सब्सिडी खत्म कर किराए में बढ़ोतरी की गई है। जिससे हाजियों पर भार बढ़ गया है।
सब्सिडी को खत्म करने के बाद किराया कम करना चाहिए था जबकि किराया कम करने के बजाय उसमें पिछले साल से ज्यादा बढ़ोतरी की गई। प्रेस वार्ता के दौरान उन्होंने बताया कि जीएसटी लगने से बढ़े किराए को लेकर प्रधानमंत्री, वित्तमंत्री और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर हज आवेदकों के किराए से जीएसटी हटाने की मांग की गई है। इस मौके पर शाहिद अली, अब्दुल कादिर, रफत, गुलसाद सिद्दीकी आदि मौजूद रहे।