लिंग परीक्षण के काले धंधे का भांडाफोड़, महिला ने 15 हजार रुपए में तय किया था सौदा
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पड़ोसी जिले मुजफ्फरनगर में हिमालयन चेरीटेबिल हॉस्पिटल में हो रहे भ्रूण परीक्षण और गर्भपात के कालेधंधे से प्रशिक्षु आईएएस एवं बीडीओ बहादराबाद ने पर्दा उठाया है। हरिद्वार की महिलाओं और युवतियों का भ्रू्ण परीक्षण और गर्भपात मुजफ्फरनगर के अस्पताल में कराया जा रहा था।
कालेधंधे बिजनौर की एक महिला दलाल को स्थानीय प्रशासन ने पूरे प्रकरण की तस्वीर साफ होने के बाद मुजफ्फरनगर पुलिस के हवाले कर दिया। ब्लाक बहादराबाद के बीडीओ का कार्यभार देख रहे प्रशिक्षु आईएएस नरेंद्र सिंह भंडारी को सूचना मिली की बिजनौर की एक महिला भ्रू्ण परीक्षण और गर्भपात के गोरखधंधे की कमान संभाल रही है।
प्रशिक्षु आईएएस ने उसको पकड़ने के लिए जाल बिछाया। बाकायदा एक महिला को गर्भवती बनाकर भ्रू्ण परीक्षण के लिए संपर्क साधा गया। बिजनौर की महिला दलाल ने भ्रू्ण परीक्षण के लिए हामी भर दी और अपनी फीस भी बता दी।
इधर, प्रशिक्षु आईएस ने जिलाधिकारी दीपक रावत को पूरे मामले से अवगत कराया। डीएम ने मुजफ्फरनगर के डीएम से संपर्क साधा। यहां से कथित गर्भवती महिला को लेकर दलाल महिला बिजनौर के लिए रवाना हुई।
रुड़की में भी हुआ था खुलासा
पीछे पीछे प्रशिक्षु आईएएस, एसीएमओ के साथ स्थानीय स्वास्थ्य विभाग व पुलिस टीम ने मुजफ्फरनगर पहुंचकर हिमालयन चेरीटेबिल अस्पताल में छापा मारकर कन्या भ्रूण जांच और गर्भपात का भंडाफोड़ किया।
मुजफ्फरनगर के डीएम के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग ने अस्पताल संचालक डाक्टर रूपेश कुमार से पूछताछ शुरू कर दी है। इधर, स्थानीय टीम ने महिला दलाल को भी मुजफ्फरनगर पुलिस के हवाले कर दिया। जिलाधिकारी दीपक रावत ने बताया कि महिला दलाल ने कुछ महत्वपूर्ण जानकारी दी है, उन्हें खंगाला जा रहा है।
रुड़की में भी हुआ था खुलासा
ताजा मामला प्रकरण रुड़की का है। रुड़की के एक चिकित्सक एनडी अरोड़ा के सेंटर पर पंजाब पुलिस ने छापा मारा था। पंजाब की एक महिला का भ्रूण परीक्षण डा. एनडी अरोड़ा के सेंटर पर कराया गया था। पंजाब पुलिस ने छापा मारकर डॉक्टर और एक नर्स को हिरासत में भी ले लिया था।
जिले में भी चल रहा कालाधंधा
जिले में भी कई ऐसे सेंटर है जहां कालेधंधे संचालित हो रहे हैं। स्वास्थ्य महकमा चैन की नींद सोया हुआ है। यही कारण है कि कई ऐसे सेंटर है जहां केवल भ्रू्ण परीक्षण एवं गर्भपात का ही गोरखधंधा संचालित होता है। ये गोरखधंधे के संचालक रोजाना चांदी काट रहे हैं।