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Dehradun News: गढ़वाल सांसद बलूनी ने वन्यजीव के हमलों का मामला उठाया
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-सांसद ने वन्यजीव हमलों पर त्वरित कार्रवाई की मांग की
अमर उजाला ब्यूरो
देहरादून। गढ़वाल लोकसभा सांसद अनिल बलूनी ने उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों, विशेषकर गढ़वाल लोकसभा क्षेत्र में लगातार बढ़ रहे वन्यजीव-मानव संघर्ष को लेकर शुक्रवार को लोकसभा में गंभीर चिंता जताई। उन्होंने स्पष्ट कहा कि राज्य में जंगली जानवरों के हमलों के कारण आम नागरिकों का घर से बाहर निकलना, बच्चों का स्कूल जाना और महिलाओं का जंगल जाना अत्यंत जोखिमपूर्ण हो गया है। ग्रामीण क्षेत्रों में दहशत का माहौल है।
बलूनी ने बताया कि कुछ दिनों पूर्व उन्होंने इस विषय को केंद्रीय पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव के समक्ष भी रखा था ताकि तत्काल और प्रभावी कदम उठाए जा सके। उन्होंने मांग की कि उत्तराखंड में बढ़ते वन्यजीव हमलों पर रोक लगाने के लिए त्वरित, ठोस और कारगर रणनीति लागू की जाए। उन्होंने उत्तराखंड वन विभाग के पीसीसीएफ से आग्रह किया है कि जंगली जानवरों के हमलों की स्थिति की नियमित समीक्षा कर प्रतिदिन की रिपोर्ट उपलब्ध कराई जाए ताकि समस्या पर प्रभावी निगरानी और कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके। उन्होंने जोर देकर कहा कि जनसुरक्षा सर्वोपरि है। इस विषय पर ठोस, त्वरित एवं परिणामोन्मुख कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए वे लगातार प्रयासरत हैं।
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अमर उजाला ब्यूरो
देहरादून। गढ़वाल लोकसभा सांसद अनिल बलूनी ने उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों, विशेषकर गढ़वाल लोकसभा क्षेत्र में लगातार बढ़ रहे वन्यजीव-मानव संघर्ष को लेकर शुक्रवार को लोकसभा में गंभीर चिंता जताई। उन्होंने स्पष्ट कहा कि राज्य में जंगली जानवरों के हमलों के कारण आम नागरिकों का घर से बाहर निकलना, बच्चों का स्कूल जाना और महिलाओं का जंगल जाना अत्यंत जोखिमपूर्ण हो गया है। ग्रामीण क्षेत्रों में दहशत का माहौल है।
बलूनी ने बताया कि कुछ दिनों पूर्व उन्होंने इस विषय को केंद्रीय पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव के समक्ष भी रखा था ताकि तत्काल और प्रभावी कदम उठाए जा सके। उन्होंने मांग की कि उत्तराखंड में बढ़ते वन्यजीव हमलों पर रोक लगाने के लिए त्वरित, ठोस और कारगर रणनीति लागू की जाए। उन्होंने उत्तराखंड वन विभाग के पीसीसीएफ से आग्रह किया है कि जंगली जानवरों के हमलों की स्थिति की नियमित समीक्षा कर प्रतिदिन की रिपोर्ट उपलब्ध कराई जाए ताकि समस्या पर प्रभावी निगरानी और कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके। उन्होंने जोर देकर कहा कि जनसुरक्षा सर्वोपरि है। इस विषय पर ठोस, त्वरित एवं परिणामोन्मुख कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए वे लगातार प्रयासरत हैं।
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