फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   forgery in MGNREGA

मनरेगा के नाम पर बड़े घोटाले का खुलासा, ग्राम विकास अधिकारी अरेस्ट

Tue, 11 Apr 2017 09:48 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून Updated Tue, 11 Apr 2017 09:48 AM IST
विज्ञापन
forgery in MGNREGA
मनरेगा - फोटो : demo pic

गल्जवाडी में मनरेगा में हुए लाखों के घोटाले में पुलिस ने सोमवार को ग्राम विकास अधिकारी को गिरफ्तार कर लिया। इस मामले में अब तत्कालीन खंड विकास अधिकारी और गांव प्रधान लीला शर्मा पर कार्रवाई की तलवार लटक गई है। पुलिस की विवेचना में तार जाल के फर्जी बिल लगाकर सरकारी धन के दुरूप्रयोग की पुष्टि हुई है। सरकारी रिकार्ड में हेरीफेरी कर गबन का यह मामला राष्ट्रपति शासन में दर्ज हुआ था, लेकिन सरकार बदलते ही विवेचना में तेजी आ गई।  

विज्ञापन


राष्ट्रपति शासन के दौरान पांच मई 2016 को गौतम प्रकाश शर्मा ने कैंट कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया था कि गांव प्रधान और कांग्रेस नेत्री लीला शर्मा और ग्राम पंचायत अधिकारी तपेन्द्र सिंह राणा ने फर्जी बिल बाउचर लगाकर मनरेगा के तहत लाखों का गबन कर लिया है। प्रधान लीला शर्मा को हाईकोर्ट की शरण लेने पर राहत मिल गई थी।
विज्ञापन


हाईकोर्ट ने प्रधान को विवेचना में सहयोग करने के आदेश दिए थे। इसी बीच प्रदेश में सत्ता परिवर्तन हुआ तो गबन के इस मामले की विवेचना में तेजी आ गई। एक सप्ताह पहले पुलिस प्रधान से दस्तावेज लेने गई थी तो मामला गरमा गया। प्रधान लीला शर्मा के पुलिस पर उत्पीड़न के आरोप लगाने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत और कांग्रेस अध्यक्ष किशोर उपाध्याय उनके समर्थन में कैंट कोतवाली पहुंच गए, जहां पर काफी देर तक हंगामा हुआ था। विवेचना में महिला उप निरीक्षक को रखने के आश्वासन पर यह लोग शांत हुए थे।   
विज्ञापन
विज्ञापन


वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक स्वीटी अग्रवाल ने सोमवार को बताया कि मनरेगा योजना के तहत 2009 से लेकर 2011 के बीच चार योजनाओं के तहत गल्जवाड़ी में तार जाल का काम कराया गया था। विवेचना में इनके द्वारा फर्जी बिल लगाकर सरकारी धन के दुरुपयोग की पुष्टि हुई है। उसी आधार पर सोमवार को ग्राम विकास अधिकारी तपेन्द्र सिंह राणा (फिलहाल डोईवाला में तैनाती) को गिरफ्तार कर लिया है। दोपहर बाद उन्हें कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। उन्होंने बताया कि मुकदमे में साक्ष्यों से छेड़छाड़  करने की धारा बढ़ाई गई है। फोरेंसिक जांच में इस बात की पुष्टि हुई है। 

पंजीकरण 12 में हुआ, बिल 2009 में लगाए

forgery in MGNREGA

खाते से गलत ढंग से निकाली रकम
 पुलिस विवेचना के दौरान मनरेगा योजना से संबधित बैंक खाते से आरोपियों द्वारा नियम विरुद्ध रकम निकाले जाने की बात सामने आई है। मनरेगा योजना के खाते से धन सीधे कार्यवाही संस्था को ट्रंासफर होता है। जबकि आरोपियों ने धन का आहरण स्वयं के पक्ष में कराया है। 

पंजीकरण 12 में हुआ, बिल 2009 में लगाए
 मनरेगा घोटाले में पुलिस विवेचना में बेहद दिलचस्प तथ्य सामने आया है। एसएसपी स्वीटी अग्रवाल की माने तो विवेचना के दौरान पाया गया कि 2009 में जिन फर्मों के बिल बाउचर लगाए गए थे। उन फर्मों का पंजीकरण 2012 में होने की बात सामने आई है। प्रधान और ग्राम विकास अधिकारी के कब्जे में मिले अभिलेखों में छेड़छाड़ किए जाने की बात पुष्टि हुई है। 

संपति की कराई जाएगी जांच
मनरेगा घोटाले में शामिल अन्य लोगाें को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। आरोपियों की चल व अचल संपत्ति की भी जांच पड़ताल की जा रही है।
स्वीटी अग्रवाल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक   
 
वसूली के हुए थे आदेश
गल्जवाडी मनरेगा घोटाले की शिकायत पर शासन द्वारा कराई गई विभागीय जांच में अनियमितता की पुष्टि हुई थी। जांच में ग्राम पंचायत विकास अधिकारी, ग्राम प्रधान व कनिष्ठ अभियंता मनरेगा से 10 लाख 47 हजार रुपये की वसूली किए जाने की जाने की संस्तुति की गई थी। जाँच अधिकारी द्वारा ग्राम पंचायत गल्जवाडी के पांच वर्षों के कार्यों की स्पेशल आडिट कराने को कहा था। आरोप है कि जांच के उपरांत आरोपियों ने अभिलेखों, बिल बाउचर और कैश बुक को नष्ट कर बदल दिया गया था। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed