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आपदा की मार के बाद प्रदेश में बर्ड फ्लू का संकट
देहरादून/ब्यूरो
Updated Sat, 10 Aug 2013 11:33 PM IST
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पीएफए (पीपुल्स फॉर एनिमल) ने उत्तराखंड में बर्ड फ्लू की रोकथाम के लिए निदेशक पशुपालन और मुख्य वन्य जीव प्रतिपालक से आवश्यक कार्रवाई की मांग की है। पीएफए की सचिव गौरी मौलेखी ने कहा कि नेपाल में बर्ड फ्लू बुरी तरह फैला है। उत्तराखंड की सीमा से लगा होने से इसके प्रदेश में भी फैलने की आशंका है।
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निपटने के लिए कोई एक्शन प्लान नहीं
पीएफए सचिव ने बताया कि नेपाल में बर्ड फ्लू फैलने के बाद लाखों कुक्कुट पक्षियों की मौत हो चुकी है। इसके चलते नेपाल में मुर्गों की बिक्री पर प्रतिबंध लगाया गया है। छत्तीसगढ़ के राजनंद जिले में भी बर्ड फ्लू की पुष्टि हुई है। नेपाल उत्तराखंड की सीमा से लगा है।
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उन्होंने बताया कि बर्ड फ्लू का प्रभाव केवल मुर्गों में न होकर वन्य जीवों में भी होता है, लेकिन वन विभाग के पास न तो कोई पशु चिकित्सक है न ही इससे निपटने के लिए कोई एक्शन प्लान। पशुपालन विभाग की ओर से भी कोई इंतजाम नहीं किए गए। समय रहते आवश्यक कदम न उठाए गए तो भारी जानमाल का नुकसान हो सकता है।
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