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कुत्ता बचाने को तेंदुए से भिड़ा किसान, बुरी तरह हुआ घायल

Tue, 16 May 2017 10:23 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, रामनगर
ब्यूरो/अमर उजाला, रामनगर Updated Tue, 16 May 2017 10:23 AM IST
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Farmer and leopard fight in ramnagar 

खेत में पानी लगा रहे किसान पर सोमवार सुबह तेंदुए ने हमला कर घायल कर दिया। किसान अपने कुत्ते को तेंदुए से बचाने का प्रयास कर रहा था। खेतों में काम कर रहे लोगों के शोरगुल से तेंदुआ गन्ने के खेत में छिप गया।

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वन विभाग की टीम रेस्क्यू के लिए पहुंची तो तेंदुए ने वन कर्मी और दो शिकारियों पर भी हमला कर दिया। दस घंटे से ज्यादा की मशक्कत के बाद वह पिंजरे में आ सका। बाद में उसे जंगल में छोड़ दिया गया। 
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घटना तराई पश्चिमी वन प्रभाग के रामनगर रेंज के गांव जीतपुर टांडा गांव की है। सोमवार सुबह करीब साढ़े पांच बजे सुखदेव सिंह खेतों में पानी लगा रहे थे। पास में उनका कुत्ता भी था। अचानक तेंदुए ने कुत्ते पर हमला कर दिया।
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सुखदेव ने कुत्ते को बचाने का प्रयास किया तो तेंदुआ उन पर हमलावर हो गया। यह देख आसपास खेतों में काम कर रहे लोग चिल्लाते हुए वहां पहुंचे तो तेंदुआ गन्ने के खेत में छिप गया। आनन-फानन में सुखदेव को रामनगर चिकित्सालय लाया गया। उधर, ग्रामीणों ने इसकी सूचना वन विभाग के अधिकारियों को दी। 

श‌िकार‌ियों को भी क‌िया घायल

Farmer and leopard fight in ramnagar 

इसके बाद चार वनकर्मी वहां पहुंच गए, लेकिन ग्रामीणों ने कहा कि इतनी बड़ी घटना होने के बाद भी कोई अधिकारी क्यों नहीं पहुंचा। उन्होंने हंगामा कर दिया। इसके बाद फोन कर एसडीओ कलम सिंह बिष्ट को बुलाया गया।

मामला गंभीर देख उनकी अगुवाई में तेंदुआ को पकड़ने का अभियान चलाया गया। वन कर्मचारी गन्ने के खेतों की ओर गए तो तेंदुए की दहाड़ सुनकर लौट आए। इसके बाद चारों तरफ खेत की निगरानी करने के साथ ही तुरंत इट्टवा (बाजपुर) से जाल वाले शिकारियों को बुलाया गया।

अभियान शुरू हुआ तो तेंदुए ने वन दरोगा बसंत बल्लभ पंत और दो शिकारियों पर पंजा मार दिया। मामला बिगड़ता देख तीन ट्रैक्टरों की मदद से हांका लगाया गया, जिस पर वह खेत से भागने लगा, लेकिन जाल में फंसने से नहीं बच सका। बाद में लाठी-डंडों के जरिए उस पर काबू पा लिया गया। पिंजरे में डालने में आधा घंटा लग गया।

डॉक्टरी परीक्षण के लिए तराई पश्चिमी के फांटो रेंज ले जाया गया। जहां से उसे जंगल में छोड़ दिया गया। इस दौरान तराई पश्चिमी वन प्रभाग के एसडीओ कलम सिंह बिष्ट, रेंजर लक्ष्मण सिंह बिष्ट, ललित आर्या, एसडीएम पारितोष वर्मा, कोतवाल विक्रम सिंह राठौर सहित पुलिस बल और वन विभाग के कर्मचारी मौजूद थे।

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