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Uttarakhand : 10 जुलाई तक होंगे कर्मचारियों और अधिकारियों के तबादले, चुनाव आचार संहिता की वजह से बढ़ी अवधि
Sun, 19 Jun 2022 10:25 AM IST
रेनू सकलानी
बिशन सिंह बोरा, अमर उजाला, देहरादून
बिशन सिंह बोरा, अमर उजाला, देहरादून
Published by: रेनू सकलानी
Updated Sun, 19 Jun 2022 10:25 AM IST
सार
तबादला एक्ट के मुताबिक तबादलों के लिए समय सारिणी बनाई गई है। इसके तहत हर साल 31 मार्च तक विभागाध्यक्ष की ओर से कार्यस्थल का मानक के अनुसार चिह्नीकरण होना चाहिए। 15 अप्रैल तक सुगम, दुर्गम क्षेत्र के कार्यस्थल, पात्र कर्मचारी और खाली पदों की संभावित सूची जारी होनी चाहिए।
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विस्तार
प्रदेश में कर्मचारियों और अधिकारियों के तबादले इस साल तबादला एक्ट की समय सारिणी के अनुुसार नहीं होंगे। चुनाव आचार संहिता की वजह से विभिन्न विभागों के अनुरोध पर सरकार ने तबादलों की समय सीमा की अवधि को 10 जुलाई तक बढ़ा दिया है।
तबादला एक्ट के मुताबिक तबादलों के लिए समय सारिणी बनाई गई है। इसके तहत हर साल 31 मार्च तक विभागाध्यक्ष की ओर से कार्यस्थल का मानक के अनुसार चिह्नीकरण होना चाहिए। 15 अप्रैल तक सुगम, दुर्गम क्षेत्र के कार्यस्थल, पात्र कर्मचारी और खाली पदों की संभावित सूची जारी होनी चाहिए।
इसके अलावा 20 अप्रैल तक अनिवार्य तबादलों के लिए पात्र कर्मचारियों से अधिकतम 10 इच्छित स्थानों के लिए विकल्प मांगे जाने चाहिए, जबकि पांच जून तक तबादला समिति की बैठक और 10 जून तक तबादलों के आदेश जारी हो जाने चाहिए।
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प्रदेश में चुनाव आचार संहिता लगी थी, इस वजह से तबादला एक्ट की समय सारणी के अनुसार तबादलों की समय अवधि को एक महीना बढ़ाकर 10 जुलाई किया गया है।
- एसएस वल्दिया, अपर सचिव कार्मिक
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तबादला एक्ट के मुताबिक तबादलों के लिए समय सारिणी बनाई गई है। इसके तहत हर साल 31 मार्च तक विभागाध्यक्ष की ओर से कार्यस्थल का मानक के अनुसार चिह्नीकरण होना चाहिए। 15 अप्रैल तक सुगम, दुर्गम क्षेत्र के कार्यस्थल, पात्र कर्मचारी और खाली पदों की संभावित सूची जारी होनी चाहिए।
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इसके अलावा 20 अप्रैल तक अनिवार्य तबादलों के लिए पात्र कर्मचारियों से अधिकतम 10 इच्छित स्थानों के लिए विकल्प मांगे जाने चाहिए, जबकि पांच जून तक तबादला समिति की बैठक और 10 जून तक तबादलों के आदेश जारी हो जाने चाहिए।
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प्रदेश में पिछले तीन साल तक तबादला सत्र शून्य होने के बाद इस साल विभिन्न विभागों के अधिकारी, कर्मचारी तय समय पर तबादलों की आस लगाए थे, लेकिन इस बार तबादले एक महीने देरी से होंगे। अधिकारियों के मुताबिक तबादलों के लिए एक महीने की समय सीमा बढ़ाने के लिए धारा 27 के तहत मुख्य सचिव की अध्यक्षता में गठित समिति के अनुमोदन के बाद इस पर मुख्यमंत्री की मंजूरी ले ली गई है।प्रदेश में चुनाव आचार संहिता लगी थी, इस वजह से तबादला एक्ट की समय सारणी के अनुसार तबादलों की समय अवधि को एक महीना बढ़ाकर 10 जुलाई किया गया है।
- एसएस वल्दिया, अपर सचिव कार्मिक