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वीडियो सत्संग से 'गायब' हुए आसाराम

Mon, 02 Sep 2013 11:20 AM IST
अमर उजाला, नलिनी गुसाईं, देहरादून
अमर उजाला, नलिनी गुसाईं, देहरादून Updated Mon, 02 Sep 2013 11:20 AM IST
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Devotees praised of Asaram

आसाराम की गिरफ्तारी के बाद उनके दून स्थित आश्रम में हर रविवार को होने वाला वीडियो सत्संग भी गायब हो गया।

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आश्रम में भक्त जुटे जरूर, लेकिन उनकी संख्या अन्य दिनों की अपेक्षा काफी कम रही। जो दिखे, उनके मुरझाए चेहरों पर भी शिकन की लकीरें साफ नजर आ रही थी। हालांकि, आसाराम को पाक-साफ मानने वाले समर्थक उनका ‘कष्ट’ टालने के लिए दिनभर मंत्रों का जाप करते रहे।

पढ़ें, आसाराम: कैसे और कहां के संत, पढ़िए पूरी कहानी
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सहस्त्रधारा रोड स्थित आसाराम बापू आश्रम में हर रविवार को उनका वीडियो सत्संग होता था। प्रवचन सुनने यहां हर बार बड़ी संख्या में भक्त आते थे। रविवार को भी भक्त आश्रम पहुंचे, लेकिन यहां सत्संग नहीं हुआ। इसकी जगह समर्थक ‘ओम ह्रीं ओम’ मंत्र का जाप करते रहे।
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आश्रम की मीडिया प्रचारक तृप्ता शर्मा ने बताया कि किसी व्यक्ति पर गलत आरोप लगे या कोई अनावश्यक रूप से सताए तो यह मंत्र उसे बचाता है। इस दौरान हवन का भी आयोजन किया गया। शर्मा ने बताया कि हवन में आहुतियां देकर बापू के लिए प्रार्थना की गई।

भक्तों ने पूछा, हम क्या करें
आश्रम में आने वाले अधिकतर भक्त आश्रम पदाधिकारियों से पूछते रहे कि बापू की गिरफ्तारी के बाद उठ रहे सवालों के बाद उन्हें क्या करना चाहिए।

पदाधिकारियों का कहना था कि अगर कोई बापू को गलत बताए तो उसे शांतिपूर्वक समझाएं। बापू का पक्ष लोगों के सामने रखा जाए। फिर भी कोई न माने तो अहिंसा के मार्ग पर बने रहें।

‘हमें बापू पर पूरा भरोसा’
आसाराम पर लग रहे आरोपों के बाद भी आश्रम पहुंचे भक्त अडिग हैं। वे मानने को तैयार नहीं हैं कि बापू ने कुछ गलत किया है। उन्हें मामले में निष्कर्ष का इंतजार है। सुनिए भक्तों की जुबानी...

13 साल से बापू की भक्त हूं। मैंने बापू की ब्रह्मचर्य पर लिखी किताबें पढ़ी हैं। हम उनका अनुसरण कर रहे हैं, तभी अच्छे मार्ग की ओर बढ़े हैं। बापू कभी गलत नहीं कर सकते।
-प्रिया नारंग, मोती बाजार

बापू को जब भी देखा, लगा मां की शरण में हूं। मेरा मानना है कि अगर बापू पर लगाए जा रहे आरोप गलत निकलते हैं तो मीडिया को उनका ये पक्ष भी दिखाना चाहिए।
-सोनम नारंग, मोती बाजार

वर्ष 2006 में मैंने बापू से दीक्षा ली थी। उसके बाद मेरा जीवन ही बदल गया। पहले मेरी संगत खराब थी, बापू की वजह से ही मेरा नया जन्म हुआ है। बापू की छवि बिल्कुल साफ है।
-विशेष चौहान, मेहूंवाला

मैं पांच साल से हर सप्ताह बापू के आश्रम आता हूं। यहां आकर मुझे बेहद शांति मिलती है। मीडिया चाहे बापू की जो भी छवि पेश कर रही हो लेकिन हमें पता है कि वे सही हैं और रहेंगे।

-दीपक बोरा, सहस्त्रधारा क्रासिंग

बापू पर लगने वाले सभी आरोप गलत हैं। उस बच्ची को भी किसी ने भड़काया है। बापू गलत नहीं हो सकते हैं। हम आश्रम आते हैं और हमेशा आते रहेंगे, यहां हमारा पूर्ण विश्वास है।
-सविता चौधरी, काननकुंज

लोग कई सवाल कर रहे हैं, वे सही-गलत नहीं समझ रहे। मैं बापू से कई बार मिला हूं। जानता हूं वह ऐसे नहीं हैं। उनके खिलाफ  षड्यंत्र रचा गया है। निष्कर्ष आने पर ही लोग सच को जान सकेंगे।
-हरीश चंद जोशी, उपप्रधान, आसाराम आश्रम

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