{"_id":"65e76a3d83ac86ac88054794","slug":"crops-were-damaged-due-to-intermittent-hailstorm-and-dehradun-news-c-5-1-drn1031-364952-2024-03-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Dehradun: एक से तीन मार्च तक हुई ओलावृष्टि और बारिश से फसलों को नुकसान, अब प्रशासन कराएगा सर्वे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Dehradun: एक से तीन मार्च तक हुई ओलावृष्टि और बारिश से फसलों को नुकसान, अब प्रशासन कराएगा सर्वे
Wed, 06 Mar 2024 01:53 PM IST
देहरादून ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
Published by: देहरादून ब्यूरो
Updated Wed, 06 Mar 2024 01:53 PM IST
सार
तीन मार्च तक हुई जबरदस्त बारिश और कहीं-कहीं ओलावृष्टि ने इन तैयार फसलों को खेतों में बिछा दिया। अब किसानों ने गांव स्तर के अधिकारियों से मुआवजे की मांग शुरू कर दी है।
विज्ञापन
ओलावृष्टि से फसल खराब
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
जिले में 1 से 3 मार्च तक रह-रहकर ओलावृष्टि और तेज बारिश से फसलें बिछ गईं। सबसे ज्यादा नुकसान गेहूं व सरसों की फसलों को हुआ। अब प्रशासन इस नुकसान का सर्वे कराएगा। तहसील स्तर पर पटवारियों की टीमों का गठन कर दिया गया है। ये टीमें अपने क्षेत्रों में फसलों के नुकसान की रिपोर्ट तैयार करेंगी।
विज्ञापन
इसके बाद प्राप्त रिपोर्ट के आधार पर किसानों को मुआवजा देने पर जिला प्रशासन विचार करेगा। जिले में गेहूं व सरसों की फसलें करीब-करीब तैयार हो चुकी हैं। तीन तक हुई जबरदस्त बारिश और कहीं-कहीं ओलावृष्टि ने इन तैयार फसलों को खेतों में बिछा दिया। अब किसानों ने गांव स्तर के अधिकारियों से मुआवजे की मांग शुरू कर दी है। वहीं, विभागीय अधिकारियों का कहना है कि अब तक कहीं फसलों के नुकसान की शिकायत नहीं आई है।
विज्ञापन
फिर भी बारिश और ओलावृष्टि के प्रभाव का आकलन कराने के लिए सर्वे कराया जाएगा। किसान किसी भी कार्यदिवस में बारिश और ओलावृष्टि से नुकसान की शिकायत एडीएम वित्त एवं राजस्व कार्यालय में दर्ज करा सकते हैं। मालूम हो कि जिले में इस बार करीब 15 हजार हेक्टेयर में गेहूं व आठ हेक्टेयर रकबे पर सरसों की फसल है।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें...Lok Sabha Election 2024: गठबंधन के बीच हरिद्वार लोस सीट पर सपा की निगाहें, ऐसा है वोटों का गणित
ओलावृष्टि और बारिश से जिले में फसलों को नुकसान पहुंचा है। किसानों को मुआवजे के लिए फसलों के नुकसान का आकलन कराया जाएगा। इसके लिए तहसील स्तर पर टीम गठित कर दी गई है। - रामजी शरण शर्मा, एडीएम (वित्त एवं राजस्व)I