जेपी जोशी पर चलेगा रेप का मुकदमा
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बहुचर्चित जेपी जोशी यौन शोषण प्रकरण में अदालत ने जेपी जोशी और रितु कंडियाल के खिलाफ आरोप तय कर लिए हैं। आरोप तय होने के बाद मामले में गवाही शुरू होगी।
जेपी जोशी पर एक युवती ने नौकरी का झांसा देकर बलात्कार का आरोप लगाया था। दिल्ली में जीरो एफआईआर दर्ज की गई थी।
मामले में पुलिस की ओर से दाखिल चार्जशीट पर सुनवाई के बाद बृहस्पतिवार को पंचम अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश धर्म सिंह की अदालत ने मुख्य आरोपी जोशी और सह अभियुक्त रितु कंडियाल पर आरोप तय किए। अगली सुनवाई के लिए नौ मई की तारीख दी गई है।
बलात्कार सहित इन धाराओं में आरोप तय
जोशी पर आरोप
धारा 376(1): बलात्कार
धारा 366: अपहरण
धारा 511: बलात्कार का प्रयास
धारा 506: जान से मारने की धमकी देना
रितु पर आरोप
धारा 376 सहपठित धारा 109: बलात्कार के लिए उकसाना
धारा 506: जान से मारने की धमकी देना
रितु को नहीं मिली राहत
अदालत में बहस के दौरान रितु के अधिवक्ता ने उस पर लगी धारा 376 सहपठित धारा 109 हटाने की मांग की थी। दोनों पक्षों को सुनने के बाद अदालत ने इस धारा को बरकरार रखा है।
रितु के अधिवक्ता विजय भूषण पांडे ने कहा कि आरोप तय होने के आदेश अभी उन्हें नहीं मिले हैं। बताया कि आदेश मिलने के बाद वह हाईकोर्ट में अपील करेंगे।
जोशी को हो सकती है आजीवन कारावास
जेपी जोशी के पूर्व अधिवक्ता चंद्रशेखर तिवारी ने बताया कि जोशी पर जिन धाराओं में आरोप तय किए गए हैं, उनके सिद्ध होने पर उन्हें आजीवन कारावास तक की सजा हो सकती है।
इन धाराओं में न्यूनतम सजा दस साल का प्रावधान है। हालांकि, तिवारी का कहना है कि जोशी को झूठा फंसाया गया है।