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सरकारी भूमि पर कब्जा कर रहे लोगों को खदेड़ा
Updated Sat, 30 Dec 2017 01:22 AM IST
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सरकारी भूमि पर कब्जा कर रहे लोगों को खदेड़ा
ब्यूरो/अमर उजाला
सेलाकुई।
शीशमबाड़ा में सरकारी भूमि पर फिर से हो रहे कब्जों को पुलिस ने हटा दिया। एसडीएम जितेंद्र कुमार का कहना है कि जो भी सरकारी भूमि पर कब्जा करेगा, उसके खिलाफ मुकदमे दर्ज कराए जाएंगे।
बुधवार को ही पुलिस-प्रशासन ने शीशमबाड़ा में सीआरपीएफ को आवंटित भूमि से कब्जे हटाए थे। शुक्रवार को थानाध्यक्ष पंकज देवरानी को सूचना मिली कि शीशमबाड़ा में सरकारी भूमि पर कब्जा किया जा रहा है। जिस पर वह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। जहां एक प्राइवेट यूनिवर्सिटी से लगती हुई भूमि पर कुछ परिवार काबिज थे। उनका कहना था कि यह जमीन एक जिला पंचायत सदस्य की है और उसके कहने पर ही वे यहां बसे हैं।
इस पर पुलिस ने जिला पंचायत सदस्य के साथ ही राजस्व कर्मियों को बुलाया गया। जिला पंचायत सदस्य का कहना है कि बेघर हुए लोगों को रहने के लिए उन्होंने कुछ दिन रहने के लिए जमीन दी हुई है। जब राजस्व कर्मियों ने जांच की तो पता चला कि जिला पंचायत सदस्य की जमीन से लगती हुई सरकारी भूमि पर भी कई लोगों ने कब्जे के लिए ईट-पत्थरों से डिमार्केशन कर लिया है। जिस पर पुलिस कर्मियों ने वहां जमा सभी लोगों को खदेड़ दिया।
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एसडीएम का कहना है कि जिला पंचायत सदस्य की जमीन की आड़ में सरकारी भूमि पर कब्जा करने वालों को बक्शा नहीं जाएगा। इस मौके पर चौकी प्रभारी गिरीश नेगी के साथ ही प्रेमनगर थाने का पुलिस बल मौजूद रहा।
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ब्यूरो/अमर उजाला
सेलाकुई।
शीशमबाड़ा में सरकारी भूमि पर फिर से हो रहे कब्जों को पुलिस ने हटा दिया। एसडीएम जितेंद्र कुमार का कहना है कि जो भी सरकारी भूमि पर कब्जा करेगा, उसके खिलाफ मुकदमे दर्ज कराए जाएंगे।
बुधवार को ही पुलिस-प्रशासन ने शीशमबाड़ा में सीआरपीएफ को आवंटित भूमि से कब्जे हटाए थे। शुक्रवार को थानाध्यक्ष पंकज देवरानी को सूचना मिली कि शीशमबाड़ा में सरकारी भूमि पर कब्जा किया जा रहा है। जिस पर वह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। जहां एक प्राइवेट यूनिवर्सिटी से लगती हुई भूमि पर कुछ परिवार काबिज थे। उनका कहना था कि यह जमीन एक जिला पंचायत सदस्य की है और उसके कहने पर ही वे यहां बसे हैं।
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इस पर पुलिस ने जिला पंचायत सदस्य के साथ ही राजस्व कर्मियों को बुलाया गया। जिला पंचायत सदस्य का कहना है कि बेघर हुए लोगों को रहने के लिए उन्होंने कुछ दिन रहने के लिए जमीन दी हुई है। जब राजस्व कर्मियों ने जांच की तो पता चला कि जिला पंचायत सदस्य की जमीन से लगती हुई सरकारी भूमि पर भी कई लोगों ने कब्जे के लिए ईट-पत्थरों से डिमार्केशन कर लिया है। जिस पर पुलिस कर्मियों ने वहां जमा सभी लोगों को खदेड़ दिया।
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एसडीएम का कहना है कि जिला पंचायत सदस्य की जमीन की आड़ में सरकारी भूमि पर कब्जा करने वालों को बक्शा नहीं जाएगा। इस मौके पर चौकी प्रभारी गिरीश नेगी के साथ ही प्रेमनगर थाने का पुलिस बल मौजूद रहा।