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बेफिक्र होकर कराएं घायलों को अस्पताल में भर्ती
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बेफिक्र होकर कराएं घायलों को अस्पताल में भर्ती
ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून। प्रदेश भर में हादसों में घायल लोगाें को अस्पताल में भर्ती करने तक का खर्च ट्रैफिक निदेशालय वहन करेगा। राज्य की सड़कों पर दौड़ने वाले कई हजार प्राइवेट वाहन एंबुलेंस की तरह काम करेंगे। हालांकि ट्रांसपोर्ट यूनियन के पदाधिकारियों ने इसके लिए तेल आदि का खर्च लेने से इंकार किया है। साथ ही ट्रैफिक निदेशालय की तरफ से आपरेशन हैल्पिंग हैंडस की मुहिम शुरू की गई है। ट्रांसपोर्ट यूनियन ने इसमें हर संभव सहयोग का वादा किया है।
पुलिस उप महानिरीक्षक यातायात केवल खुराना ने बुधवार को पुलिस मुख्यालय में राज्य के विभिन्न जनपदों के ट्रांसपोर्ट यूनियन के पदाधिकारियों के साथ यातायात व्यवस्था में सुधार को लेकर लंबी चर्चा की। इस दौरान राजधानी में पब्लिक ट्रांसपोर्ट को बेहतर बनाने के लिए सिटी बसों को एसी बसों में परिवर्तित करने पर सहमति बनी, ताकि लोग निजी वाहनों का कम से कम प्रयोग करें। इसके लिए एक समिति गठित की गई है, जो दस दिन में सिटी बसाें के स्वरूप को लेकर यातायात निदेशालय को अपनी रिपोर्ट देगी। यातायात निदेशक ने यूनियन पदाधिकारियों से राज्य में ऑपरेशन हेल्पिंग हैंडस के तहत सड़क दुर्घटना होने पर घायल लोगों की मदद का आग्रह किया।
ट्रांसपोर्ट यूनियन पदाधिकारियों ने इस पहल का स्वागत करते हुए पूर्ण सहयोग देने का आश्वासन दिया। यूनियन पदाधिकारियों ने कहा कि राज्य में चलने वाली तीन से चार हजार गाड़ियां एंबुलेंस के रूप में कार्य करेंगी। इसके लिए प्राइवेट वाहन किसी तरह का खर्च नहीं लेंगे। ट्रांसपोर्ट यूनियन के पदाधिकारियों ने राष्ट्रीय राजमार्ग का कार्य पूरा न होने के कारण शनिवार और रविवार को जाम की स्थिति बनी रहती है। ऐसे में राजमार्ग के कार्यों में तेजी लाने और अतिक्रमण हटाकर सड़काें के चौड़ीकरण की मांग उठाई गई है। यातायात निदेशक ने उनकी समस्याओं पर विचार कर निराकरण का आश्वासन दिया।
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चौराहे से 50 मीटर पहले बनेगी स्टॉपेज पट्टी
देहरादून। सिटी बस, विक्रम और ऑटो के चौराहों पर सवारी उठाने और बैठाने पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। बैठक में सहमति बनी कि चौराहे से 50 मीटर पहले स्टॉपेज पट्टी बनाई जाएगी। इसके अलावा अन्य जगह वाहन रोकने पर यातायात नियमाें के उल्लंघन के आरोप में कार्रवाई की जाएगी। साथ ही विभिन्न जनपदों में संचालित ई-रिक्शा पर भी शिकंजा कसा जाएगा।
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घायलों की मदद करने वाले होंगे सम्मानित
देहरादून। प्राइवेट वाहन चालक यदि किसी घायल को अस्पताल पहुंचाकर उसकी जान बचाने में मदद करता है तो यातायात निदेशालय उसे प्रतीक चिन्ह और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित करेगा। यातायात निदेशालय ने आम लोगों से भी घायलाें को जल्द से जल्द अस्पताल पहुंचाकर इंसानियत का परिचय देने का अनुरोध किया है।
कोट ....
घायलों को अस्पताल पहुंचाने में होने वाले हर व्यय का भार यातायात निदेशालय वहन करेगा। प्राइवेट वाहनों को निदेशालय की तरफ से इनके निर्धारित रूट में पड़ने वाले अस्पतालों की सूची उपलब्ध कराई जाएगी, ताकि हादसे की स्थिति में घायलाें को जल्द से जल्द अस्पताल पहुंचाया जा सके। इसमें कार्य में पुलिस की तरफ से कोई असुविधा न हो, इसके लिए पुलिस कप्तानों को अलग से निर्देश भेजे जा रहे हैं।
- केवल खुराना, निदेशक यातायात
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ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून। प्रदेश भर में हादसों में घायल लोगाें को अस्पताल में भर्ती करने तक का खर्च ट्रैफिक निदेशालय वहन करेगा। राज्य की सड़कों पर दौड़ने वाले कई हजार प्राइवेट वाहन एंबुलेंस की तरह काम करेंगे। हालांकि ट्रांसपोर्ट यूनियन के पदाधिकारियों ने इसके लिए तेल आदि का खर्च लेने से इंकार किया है। साथ ही ट्रैफिक निदेशालय की तरफ से आपरेशन हैल्पिंग हैंडस की मुहिम शुरू की गई है। ट्रांसपोर्ट यूनियन ने इसमें हर संभव सहयोग का वादा किया है।
पुलिस उप महानिरीक्षक यातायात केवल खुराना ने बुधवार को पुलिस मुख्यालय में राज्य के विभिन्न जनपदों के ट्रांसपोर्ट यूनियन के पदाधिकारियों के साथ यातायात व्यवस्था में सुधार को लेकर लंबी चर्चा की। इस दौरान राजधानी में पब्लिक ट्रांसपोर्ट को बेहतर बनाने के लिए सिटी बसों को एसी बसों में परिवर्तित करने पर सहमति बनी, ताकि लोग निजी वाहनों का कम से कम प्रयोग करें। इसके लिए एक समिति गठित की गई है, जो दस दिन में सिटी बसाें के स्वरूप को लेकर यातायात निदेशालय को अपनी रिपोर्ट देगी। यातायात निदेशक ने यूनियन पदाधिकारियों से राज्य में ऑपरेशन हेल्पिंग हैंडस के तहत सड़क दुर्घटना होने पर घायल लोगों की मदद का आग्रह किया।
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ट्रांसपोर्ट यूनियन पदाधिकारियों ने इस पहल का स्वागत करते हुए पूर्ण सहयोग देने का आश्वासन दिया। यूनियन पदाधिकारियों ने कहा कि राज्य में चलने वाली तीन से चार हजार गाड़ियां एंबुलेंस के रूप में कार्य करेंगी। इसके लिए प्राइवेट वाहन किसी तरह का खर्च नहीं लेंगे। ट्रांसपोर्ट यूनियन के पदाधिकारियों ने राष्ट्रीय राजमार्ग का कार्य पूरा न होने के कारण शनिवार और रविवार को जाम की स्थिति बनी रहती है। ऐसे में राजमार्ग के कार्यों में तेजी लाने और अतिक्रमण हटाकर सड़काें के चौड़ीकरण की मांग उठाई गई है। यातायात निदेशक ने उनकी समस्याओं पर विचार कर निराकरण का आश्वासन दिया।
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चौराहे से 50 मीटर पहले बनेगी स्टॉपेज पट्टी
देहरादून। सिटी बस, विक्रम और ऑटो के चौराहों पर सवारी उठाने और बैठाने पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। बैठक में सहमति बनी कि चौराहे से 50 मीटर पहले स्टॉपेज पट्टी बनाई जाएगी। इसके अलावा अन्य जगह वाहन रोकने पर यातायात नियमाें के उल्लंघन के आरोप में कार्रवाई की जाएगी। साथ ही विभिन्न जनपदों में संचालित ई-रिक्शा पर भी शिकंजा कसा जाएगा।
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घायलों की मदद करने वाले होंगे सम्मानित
देहरादून। प्राइवेट वाहन चालक यदि किसी घायल को अस्पताल पहुंचाकर उसकी जान बचाने में मदद करता है तो यातायात निदेशालय उसे प्रतीक चिन्ह और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित करेगा। यातायात निदेशालय ने आम लोगों से भी घायलाें को जल्द से जल्द अस्पताल पहुंचाकर इंसानियत का परिचय देने का अनुरोध किया है।
कोट ....
घायलों को अस्पताल पहुंचाने में होने वाले हर व्यय का भार यातायात निदेशालय वहन करेगा। प्राइवेट वाहनों को निदेशालय की तरफ से इनके निर्धारित रूट में पड़ने वाले अस्पतालों की सूची उपलब्ध कराई जाएगी, ताकि हादसे की स्थिति में घायलाें को जल्द से जल्द अस्पताल पहुंचाया जा सके। इसमें कार्य में पुलिस की तरफ से कोई असुविधा न हो, इसके लिए पुलिस कप्तानों को अलग से निर्देश भेजे जा रहे हैं।
- केवल खुराना, निदेशक यातायात