BCCI के फैसले से गदगद खेल मंत्री बोले, अब आएंगे प्रदेश में क्रिकेट और क्रिकेटरों के अच्छे दिन
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खेल मंत्री अरविंद पांडे ने उत्तराखंड में क्रिकेट संचालन के लिए समिति बनाए जाने को ऐतिहासिक उपलब्धि करार दिया है। उन्होंने कहा कि पिछले आठ माह में की गई मेहनत का फल आज प्रदेशवासियों को मिला है। इससे प्रदेश में क्रिकेट और क्रिकेटरों के अच्छे दिन आएंगे।
सोमवार को प्रेस क्लब में पत्रकारों से बातचीत करते हुए खेल मंत्री अरविंद पांडे ने कहा कि क्रिकेट एसोसिएशनों के आपसी झगड़े के कारण राज्य के खिलाड़ियों को 18 साल नुकसान झेलना पड़ा है। खेल मंत्रालय संभालने के बाद से वह लगातार एसोसिएशनों के बीच एका का प्रयास करते रहे।
हालांकि, कुछ लोगों ने हठी रवैया अपनाया, जिसके चलते दिक्कतें हुई। उन्होंने बताया कि वह पिछले कुछ माह से लगातार क्रिकेट प्रशासक समिति (सीओए) के अध्यक्ष विनोद राय से व्यक्तिगत रूप से मिल रहे थे। रविवार शाम को भी उन्होंने विनोद राय से मुलाकात कर मान्यता के मसले के समाधान की मांग की थी।
हम तय करेंगे कौन रहेगा
खेल मंत्री अरविंद पांडे ने कहा कि एक एसोसिएशन अभी भी मर्जर से इनकार कर रही है। सीओए से हमने कुछ पदाधिकारियों की शिकायत की है। किसी ने गलत दस्तावेज या तथ्य दिए, उसकी जांच भी होनी चाहिए। जो गड़बड़ी कर रहे हैं, उन्हें समिति से बाहर किया जाएगा। हम भी तय करेंगे कि समिति में कौन रहेगा और कौन नहीं।
अभिभावकों ने जताया आभार
देर शाम स्थानीय युवा क्रिकेटरों और उनके अभिभावकों ने खेल मंत्री के आवास पर पहुंचकर उनका आभार जताया। अभिभावकों ने कहा कि खेल मंत्री के प्रयासों से ही राज्य में संचालन समिति का गठन हुआ है। सब कुछ ठीक रहा तो जल्द ही राज्य को बीसीसीआई की मान्यता भी मिलेगी। मुलाकात करने वालों में डीके मिश्रा, संदीप गुप्ता, रविंद्र नेगी, नवनीत मिश्रा, धीरेंद्र, अरुणपति तिवारी, रूपेश थापा, शान गुप्ता, अविरल मिश्रा, संस्कार मिश्रा, अभय क्षेत्री, समीर छमलवाण, अभिमन्यु साहनी, सक्षम रावत आदि शामिल रहे।