उत्तराखंड: इलाज के बिलों के क्लेम के लिए पूर्व सैनिक कर सकेंगे ऑनलाइन आवेदन, जल्द जारी होंगे नंबर और ई-मेल
- ऑनलाइन आवेदन न कर पाने वाले पूर्व सैनिक रजिस्टर डाक से बिल भेजकर कर सकेंगे आवेदन
- लॉकडाउन समाप्त होने पर करने होंगे ऑरिजनल बिल जमा, नहीं तो होगी रिकवरी
विस्तार
25 मार्च से हुए लॉकडान के कारण ईसीएचएस पॉलीक्लीनिक बंद होने के कारण पूर्व सैनिकों को मेडिकल स्टोरों से दवाई खरीदने और प्राइवेट अस्पतालों में से दवा और इलाज की छूट दी गई थी। जो भी एसीएचएच अब इन बिलों को क्लेम करना चाहता है, उन्हें इसके लिए ऑनलाइन या रजिस्टर डाक की द्वारा आवेदन करना होगा। स्थित सामान्य होने के बाद उन्हें अपने इलाज व दवाओं के ऑरिजनल कागजात जमा कराने होंगे। ऐसे न करने वालों से रिकवरी होगी।
दरअसल, लॉकडाउन से पहले पूर्व सैनिकों को पॉलीक्लीनिक के माध्यम से दवा मिलती थी या पॉलीक्लीनिक की संस्तुति पर बाहर से दवा खरीदने के लिए कहा जाता था। इसके बाद क्लेम का भुगतान उन्हें सीधे पॉलीक्लीनिक में कागजात जमा कर मिल जाता था लेकिन लॉकडाउन की वजह से पॉलीक्लीनिक बंद होने के कारण ईसीएचएस की ओर से पूर्व सैनिकों को सीधे बाजार से दवा व इलाज करने की इजाजत दे दी थी। कहा था कि इसका रिंबर्समेंट बाद में कर दिया जाएगा।
अब रिंबर्समेंट के लिए ईसीएचएस मुख्यालय ने गाइडलाइन जारी की है। गाइडलाइन के मुताबिक 23 मार्च से 31 मई तक दवा या इलाज के रिवर्समेंट के क्लेम के लिए पूर्व सैनिकों को ऑनलाइन आवेदन करना होगा। इसके लिए पॉलीक्लीनिक की ओर से नंबर, ई-मेल जारी किया जाएगा। जिसमें बिल के फोटोकॉपी भेजने होंगे।
जो ऑनलाइन आवेदन नहीं कर सकते उन्हें रजिस्टर्ड डाक के माध्यम से अपने सभी कागजों की फोटो कॉफी पॉलीक्लीनिक में जमा करने होंगे। पॉलीक्लीनिक की ओर से उनके रिवर्समेंट के लिए आवेदन किया जाएगा। इसके बाद उन्हें भुगतान कर दिया जाएगा, लेकिन लॉकडाउन खत्म होने के बाद उन्हें सभी को अपने ऑरिजनल दस्तावेज पॉलीक्लीनिक में जमा करने होंगे।
जो ऑरिजनल बिल जमा नहीं कर पाएंगे, उनसे बाद में क्लेम की रिकवरी होगी। दोनों प्रकार से आवेदन न कर सकने वालों के लिए जून के बाद अलग से तारीख देकर भुगतान का अवसर दिया जाएगा। यह गाइड लाइन एमडी ईसीएचएस कर्नल अनुपन के हस्ताक्षर से जारी की गई है।