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आरटीओ में कामन सर्विस सेंटर खोलने की तैयारी, प्रस्ताव जिला प्रशासनक को भेजा
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देहरादून। आरटीओ में ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने के साथ ही वाहनों के पंजीकरण कराने को आवेदन करते समय साइबर कैफे संचालक उगाही न कर सकें इसके लिए आरटीओ परिसर में कॉमन सर्विस सेंटर खोलने की तैयारी है। इस संबंध में एआरटीओ (प्रशासन) द्वारिका प्रसाद की ओर से जिलाधिकारी को पत्र लिखकर अनुरोध किया गया है।
बता दें, आरटीओ में ड्राइविंग लाइसेंस बनवाक के साथ ही लाइसेंस के नवीनीकरण, टैक्स जमा करने, वाहनों के पंजीकरण व नवीनीकरण कराने समेत तमाम कार्यों को ऑनलाइन कर दिया गया है। अब आरटीओ में कोई भी कार्य ऑफलाइन नहीं स्वीकार किया जा रहा है। ऐसे में वाहन स्वामियों को आरटीओ दफ्तर के आसपास संचालित साइबर कैफे संचालकों के जरिए आवेदन करना पड़ रहा है। ऐसे में साइबर कैफे संचालक आवेदन करने के एवज में भारी उगाही कर रहे हैं। किसी भी प्रकार के सरकारी आवेदन करने में जहां कॉमन सर्विस सेंटर में 30 रुपये लेने का प्रावधान है। वहीं आरटीओ के आसपास संचालित साइबर कैफे संचालक 300 रुपये तक वसूल रहे हैं। इस संबंध में कई आवेदकों ने एआरटीओ प्रशासन के पास शिकायत भी दर्ज करायी है।
एआरटीओ द्वारिका प्रसाद ने बताया कि इस संबंध में प्रस्ताव तैयार किया गया है और जिलाधिकारी को पत्र भेजकर अनुरोध कम से कम दो कॉमन सर्विस सेंटर खोलने की अनुमति देने का अनुरोध किया गया है। कॉमन सर्विस सेंटर खोलने के लिए जमीन व कार्यालय विभाग की ओर से मुहैया कराया जाएगा।
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बंद हो चुका है कॉमन सर्विस सेंटर
आरटीओ दफ्तर के बाहर एक कॉमन सर्विस सेंटर खोला गया था जिसे बाद में किन्हीं कारणों के चलते बंद कर दिया गया था। इसके बाद से आवेदकों को साइबर कैफे संचालकों के भरोसे रहना पड़ रहा है। बहरहाल एक बार फिर कॉमन सर्विस सेंटर खोलने की तैयारी है।
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बता दें, आरटीओ में ड्राइविंग लाइसेंस बनवाक के साथ ही लाइसेंस के नवीनीकरण, टैक्स जमा करने, वाहनों के पंजीकरण व नवीनीकरण कराने समेत तमाम कार्यों को ऑनलाइन कर दिया गया है। अब आरटीओ में कोई भी कार्य ऑफलाइन नहीं स्वीकार किया जा रहा है। ऐसे में वाहन स्वामियों को आरटीओ दफ्तर के आसपास संचालित साइबर कैफे संचालकों के जरिए आवेदन करना पड़ रहा है। ऐसे में साइबर कैफे संचालक आवेदन करने के एवज में भारी उगाही कर रहे हैं। किसी भी प्रकार के सरकारी आवेदन करने में जहां कॉमन सर्विस सेंटर में 30 रुपये लेने का प्रावधान है। वहीं आरटीओ के आसपास संचालित साइबर कैफे संचालक 300 रुपये तक वसूल रहे हैं। इस संबंध में कई आवेदकों ने एआरटीओ प्रशासन के पास शिकायत भी दर्ज करायी है।
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एआरटीओ द्वारिका प्रसाद ने बताया कि इस संबंध में प्रस्ताव तैयार किया गया है और जिलाधिकारी को पत्र भेजकर अनुरोध कम से कम दो कॉमन सर्विस सेंटर खोलने की अनुमति देने का अनुरोध किया गया है। कॉमन सर्विस सेंटर खोलने के लिए जमीन व कार्यालय विभाग की ओर से मुहैया कराया जाएगा।
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बंद हो चुका है कॉमन सर्विस सेंटर
आरटीओ दफ्तर के बाहर एक कॉमन सर्विस सेंटर खोला गया था जिसे बाद में किन्हीं कारणों के चलते बंद कर दिया गया था। इसके बाद से आवेदकों को साइबर कैफे संचालकों के भरोसे रहना पड़ रहा है। बहरहाल एक बार फिर कॉमन सर्विस सेंटर खोलने की तैयारी है।