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Champawat By Election: सीएम धामी सहित चार प्रत्याशियों की किस्मत ईवीएम में कैद, 64 प्रतिशत मतदान

Tue, 31 May 2022 10:38 PM IST
रेनू सकलानी संवाद न्यूज एजेंसी, चंपावत
संवाद न्यूज एजेंसी, चंपावत Published by: रेनू सकलानी Updated Tue, 31 May 2022 10:38 PM IST
सार

मुख्यमंत्री सहित चार प्रत्याशियों की किस्मत ईवीएम में कैद हो गई है। उत्तराखंड की पांचवीं विधानसभा के लिए 15 फरवरी को हुए मतदान के 106 दिन बाद 31 मई को चंपावत में दूसरी बार मतदान हुआ। सीएम पुष्कर सिंह धामी ने चंपावत उपचुनाव को लेकर कहा कि इस चुनाव के ऐतिहासिक परिणाम होंगे।

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Champawat By Election Today Updates: More than 63 percent voting in Champawat election, final figures are yet to come
चंपावत उपचुनाव - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

चंपावत उपचुनाव को लेकर मतदाताओं में खासा उत्साह दिखा। मंगलवार को सुबह से ही मतदान केंद्रों पर वोटरों की कतार लगी रही। शाम तक आए आंकड़ों के मुताबिक 64 प्रतिशत मतदान हुए हैं।

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मुख्यमंत्री सहित चार प्रत्याशियों की किस्मत ईवीएम में कैद हो गई है। मंगलवार को शांतिपूर्ण ढंग से चुनाव संपन्न हुआ। महिला मतदाता पारंपरिक परिधानों में वोट डालने पहुंचीं। वहीं युवाओं और बुजुर्गों में भी भरपूर उत्साह दिखा। 76 मतदान केंद्रों में वेबकास्टिंग की गई। चार बूथों में ईवीएम, वीवीपैट आदि खराब होने से एक घंटे तक वोटिंग बाधित रही। मौसम ने भी कुछ देर मतदान की रफ्तार को रोका।
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वहीं सीएम धामी ने देहरादून से चंपावत उपचुनाव पर पूरी नजर रखी। दून जाने से पहले टनकपुर-बनबसा के 15 से अधिक बूथों पर सीएम धामी पहुंचे। उनकी पत्नी गीता धामी भी लोगों से मिलीं। उधर, मतदान को लेकर जहां भाजपा में उत्साह था वहीं 90 प्रतिशत बूथों पर कांग्रेस के बस्ते नहीं थे। प्रशासन पर पक्षपात का आरोप लगा शाम चार बजे कांग्रेस प्रत्याशी निर्मला गहतोड़ी धरने पर बैठीं।

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सीएम धामी समेत चार प्रत्याशी मैदान में

चंपावत उपचुनाव में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी समेत चार प्रत्याशी मैदान में हैं। विधानसभा चुनाव में मुख्यमंत्री धामी को खटीमा से हार का मुंह देखना पड़ा था, ऐसे में क्षेत्र के पूर्व विधायक कैलाश गहतोड़ी ने यह सीट उनके लिए खाली कर दी थी। उत्तराखंड की पांचवीं विधानसभा के लिए 15 फरवरी को हुए मतदान के 106 दिन बाद 31 मई को चंपावत में दूसरी बार मतदान हुआ। चुनाव की तमाम अनिश्चितताओं के बावजूद उपचुनाव के नतीजे को लेकर खास संशय नहीं है, लेकिन भाजपा की सारी कोशिश इससे आगे की है। उसका लक्ष्य इस चुनाव में इतिहास रचने का है। वह इसमें कामयाब होगी या नहीं? इस जवाब से भविष्य की सियासत की दिशा तय होगी। 

तहसीलदार ज्योति धपवाल ने डाला पहला वोट, मतदाताओं में दिखा उत्साह

टनकपुर मंडी समिति बूथ पर चुनाव को लेकर मतदाताओं में काफी उत्साह दिखा। वोटिंग शुरू होने से पूर्व ही मतदान स्थलों पर मतदाता लंबी कतार में खड़े हो गए थे। महिला मतदाताओं की संख्या मतदान स्थल पर ज्यादा नजर प आई। मतदान स्थल पहुंचकर तहसीलदार ज्योति धपवाल ने यहां पहला वोट डाला। गोरलचौड़ मैदान से महज सौ मीटर की दूरी पर स्थित होने के कारण सोमवार को सबसे पहले प्राथमिक विद्यालय चंपावत का मतदान दल मतदान केंद्र पर पहुंचा।  प्राथमिक विद्यालय को आदर्श बूथ भी बनाया गया है।

जवाहर नवोदय विद्यालय को बनाया गया सखी बूथ

जवाहर नवोदय विद्यालय को सखी बूथ बनाया गया। इसमें सभी महिला कर्मचारियों ने मतदान प्रक्रिया पूरी कराई। चंपावत के आदर्श मतदान केंद्र पर पहुंचे वोटरों को मतदान टीम ने पहले मास्क दिए गए। वहीं उपचुनाव को शांतिपूर्वक संपन्न कराने के लिए सोमवार को सुरक्षाकर्मियों, जोनल और सेक्टर मजिस्ट्रेटों की ब्रीफिंग की गई। डीएम और एसपी ने मतदान दलों के साथ रवाना होने वाले सुरक्षाकर्मियों को उनकी ड्यूटी बताई।

विकास के लिए मतदान कर रहे हैं लोग: सीएम धामी

सीएम पुष्कर सिंह धामी ने चंपावत उपचुनाव को लेकर कहा कि यह अब पार्टी के बारे में नहीं है, बल्कि विकास के बारे में है। लोग बड़ी संख्या में विकास के लिए मतदान करने पहुंचे। इस बार वोटिंग प्रतिशत बहुत ज्यादा होगा। शत-प्रतिशत मतदाता के साथ इस चुनाव के ऐतिहासिक परिणाम होंगे।

धरने पर बैठीं कांग्रेसी प्रत्याशी निर्मला गहतोडी

कांग्रेस प्रत्याशी निर्मला गहतोड़ी ने चंपावत उपचुनाव में उनके एजेंटों को धमकाने का आरोप लगाया है। बाहरी विधायकों और बीजेपी नेताओं के चंपावत में चुनाव को प्रभावित करने का आरोप लगाते वह कलक्ट्रेट में धरने पर बैठ गई हैं। उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण ढंग से चल रहे मतदान में खलल पैदा किया जा रहा है। 

ये भी पढ़ें...By Election: प्रदेश की सत्ता की धुरी बनने को बेताब चंपावत, तस्वीरों में देखें मतदाताओं का उत्साह और बूथों की ये खास झलकियां

पूर्व सीएम ने कहा- गहतोड़ी देंगी धामी को टक्कर

पूर्व सीएम हरीश रावत का कहना है कि संघर्षों से तपी निर्मला गहतोड़ी को मैदान में उतार पार्टी ने महिलाओं को सम्मान दिया है। उनका कहना है कि गहतोड़ी सीएम धामी को टक्कर देंगी। हरीश रावत ने कहा कि कांग्रेस के लिए चंपावत के विकास और जनता के अधिकार अहम मुद्दे हैं, लेकिन भाजपा सत्ता के अहंकार में डूबी हुई है।

दोपहर तीन बजे तक 51.05 प्रतिशत मतदान

चंपावत विधानसभा उपचुनाव में दोपहर तीन बजे तक 51.05 प्रतिशत मतदान हुआ है। मतदान को लेकर मतदाताओं में उत्साह नजर आ रहा है। दोपहर एक बजे तक 45.90 प्रतिशत मतदान हुआ है। चुनाव कार्यालय के अनुसार चंपावत विधानसभा उपचुनाव में सुबह 11 बजे तक 33.96 फीसदी मतदान हुआ है। 

चंपावत उपचुनाव नारी स्वाभिमान का मुद्दा : हरीश रावत

चंपावत उपचुनाव में प्रचार के दौरान पूर्व सीएम हरीश रावत ने कहा था कि कांग्रेस के लिए चंपावत के विकास और जनता के अधिकार अहम मुद्दे हैं, लेकिन सत्ता के अहंकार में डूबी भाजपा प्रलोभन और दबाव डालकर लोकतंत्र का चीर हरण कर रही है। उन्होंने चंपावत से चार दशक पुराने रिश्ते को याद दिलाते हुए सुनहरे भविष्य के लिए कांग्रेस प्रत्याशी के समर्थन की अपील की थी। उन्होंने कहा था कि कांग्रेस के लिए चंपावत उपचुनाव नारी स्वाभिमान का मुद्दा है।

सीएम योगी पहुंचे थे चुनाव प्रचार को धार देने

चंपावत के गांधी मैदान में बीते शनिवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के समर्थन में जनसभा को संबोधित करते हुए योगी आदित्यनाथ ने कहा था कि वर्ष 1997 में सृजित चंपावत जिले का 25 वर्ष बाद भी समुचित विकास नहीं हो सका है। यहां विकास, रोजगार, पर्यटन की अनंत संभावनाएं हैं और अब मां पूर्णागिरि के आशीर्वाद से ये सपना साकार होने वाला है। उन्होंने कहा था कि इसमें रत्तीभर भी संदेह नहीं कि सीएम धामी भारी बहुमत से जीतेंगे, लेकिन सफलता मिलने तक प्रयास अनवरत जारी रखना है। चंपावत को विकास की ऊंचाई पर पहुंचाने और उत्तराखंड को प्रगति के शिखर पर पहुंचाने के लिए धामी को रिकॉर्ड मतों से विजयी बनाना चाहिए।

चंपावत उपचुनाव के प्रचार में दिखे अनोखे तरीके

चंपावत उपचुनाव के प्रचार के दौरान सीएम ने चाय पर की चर्चा की। बाइक से घूमे। वहीं पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कांग्रेस प्रत्याशी निर्मला गहतोड़ी के समर्थन में प्रचार करने उतरे। इस दौरान उन्होंने जलेबियां तलीं और लोगों से बातचीत की थी।

चंपावत सीट के अब तक निर्वाचित विधायक 

  वर्ष                   विजेता                                    उप विजेता 
2002 कांग्रेस,      हेमेश खर्कवाल     8380      निर्दलीय मदन महराना    7985 
2007 भाजपा,     बीना महराना       22928    कांग्रेस हेमेश खर्कवाल     15870 
2012 कांग्रेस,     हेमेश खर्कवाल     20330     बसपा मदन सिंह महर    13377 
2017 भाजपा,     कैलाश गहतोड़ी    36601    कांग्रेस हेमेश खर्कवाल    19241 
2022 भाजपा,     कैलाश गहतोड़ी    32547    कांग्रेस हेमेश खर्कवाल    27243

दोपहर एक बजे तक 45.90 प्रतिशत मतदान

चंपावत विधानसभा उपचुनाव में दोपहर एक बजे तक 45.90 प्रतिशत मतदान हुआ। बूथों पर मतदाताओं की लंबी कतार लगी है। चुनाव कार्यालय के अनुसार चंपावत विधानसभा उपचुनाव में सुबह 11 बजे तक 33.96 फीसदी मतदान हुआ है। सुबह सात बजे से मतदान शुरू हुआ था। मतदान के शुरुआती दो घंटे में 18 प्रतिशत वोट पड़े। बूथों पर मतदान के लिए लोगों के पहुंचने का सिलसिला जारी है।

चंपावत विधानसभा सीट में अब तक हुआ मतदान प्रतिशत 

वर्ष     कुल मतदाता  मतदान   मत प्रतिशत 
2002     71020       38893      54.76 
2007     94344       54727       64.88 
2012     76385       58187      76.17 
2017     88781       58979      66.43 
2022     96016       63370      65.99  

वोट देकर उत्साहित नजर आए बुजुर्ग मतदाता

नब्बे वर्षीय त्रिलोक सिंह बोहरा जीआईसी बूथ में मताधिकार का प्रयोग करने के बाद बेहद खुश नजर आए। मतदान कर बाहर आने के बाद उन्होंने बेहद उत्साह के साथ अपनी खुशी जाहिर की। वहीं दिव्यांग मतदाता गिरीश चंद्र जोशी छह किलोमीटर किसकोट से मौराडी तक गांव के एक साथ के साथ बाइक पर वोट देने पहुंचे। 

भाजपा सरकार के पांच साल नाकामी का दस्तावेज : गहतोड़ी

चंपावत से लेकर प्रदेश के विकास में भाजपा सरकार के पांच साल नाकामी का दस्तावेज है। पांच साल में तीन मुख्यमंत्री देने वाली भाजपा आगे ऐसा नहीं करेगी, इसकी क्या गारंटी है। सीएम के मैदान में होने के बावजूद भाजपा डरी हुई है। पूरी सरकार के मंत्रियों, विधायकों और संगठन की फौज तो चंपावत में डटी ही है, अब यूपी के मुख्यमंत्री को भी चुनाव प्रचार के लिए लाना इस डर की तस्दीक करता है। - निर्मला गहतोड़ी, कांग्रेस प्रत्याशी। 

चंपावत को उसका पुराना गौरव दिलाना है : सीएम धामी

एतिहासिक और धार्मिक नगरी चंपावत को उसका पुराना गौरव दिलाना है। मां पूर्णागिरि धाम, गोल्ज्यू दरबार, हिंगलादेवी, देवीधुरा धाम, श्यामलाताल, गोरखनाथ दरबार सहित तमाम धर्मस्थल अध्यात्म की बुलंदियों के साथ पर्यटन मानचित्र पर चमकेंगे। वहीं आधारभूत ढांचे और बुनियादी सुविधाओं को गति देकर चंपावत के लोगों की विकास की आकांक्षा को रफ्तार दी जाएगी। - पुष्कर सिंह धामी, भाजपा प्रत्याशी।
 

चंपावत को उसका पुराना गौरव दिलाना है : सीएम धामी

एतिहासिक और धार्मिक नगरी चंपावत को उसका पुराना गौरव दिलाना है। मां पूर्णागिरि धाम, गोल्ज्यू दरबार, हिंगलादेवी, देवीधुरा धाम, श्यामलाताल, गोरखनाथ दरबार सहित तमाम धर्मस्थल अध्यात्म की बुलंदियों के साथ पर्यटन मानचित्र पर चमकेंगे। वहीं आधारभूत ढांचे और बुनियादी सुविधाओं को गति देकर चंपावत के लोगों की विकास की आकांक्षा को रफ्तार दी जाएगी। - पुष्कर सिंह धामी, भाजपा प्रत्याशी।

क्यों हो रहा चंपावत उपचुनाव 

विधानसभा में दो-तिहाई बहुमत लाने वाली भाजपा के सीएम पुष्कर सिंह धामी खटीमा सीट कांग्रेस के भुवन कापड़ी से हार गए थे। इसके बावजूद केंद्रीय आलाकमान ने उन पर विश्वास जताया और उन्होंने 23 मार्च को सीएम की दूसरी बार शपथ ली। 21 अप्रैल को चंपावत के विधायक कैलाश गहतोड़ी ने विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा दिया। दो मई को उपचुनाव की तिथि का एलान होने के बाद भाजपा ने चंपावत से धामी को प्रत्याशी बनाया। 

तीन जून को वोटों की गिनती

समीक्षक कहते हैं कि कांग्रेस की सारी ताकत इस उपचुनाव में दमदार मुकाबला करने की है। इसके लिए प्रदेश अध्यक्ष, विपक्ष के नेता से लेकर पूर्व सीएम तक ने मोर्चा संभाला था। जोरदार संघर्ष कर इस नतीजे को दिलचस्प बनाने का कांग्रेस का इरादा पूरा हो पाएगा? तीन जून को वोटों की गिनती के साथ इसका उत्तर सामने आएगा। 

लोगों को बूथों तक लाने का प्रयास

लोग इस चुनाव को मुख्यमंत्री का निर्वाचन क्षेत्र बनने से विकास की आस संजोए हैं। राजनीतिक समीक्षकों का कहना है कि आम लोग इस वीआईपी सीट के जरिये भविष्य को लेकर संजोए सपने को हाथ से नहीं जाने देना चाहते। उपचुनाव में इतिहास रचने का लक्ष्य लेकर आगे बढ़ रही भाजपा का प्रयास फरवरी में हुई वोटिंग (65.99 प्रतिशत) के लिए लोगों को बूथों तक लाने का है।

सीएम धामी के चंपावत से प्रत्याशी होने से तीन बदलाव साफ हुए

राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के चंपावत से प्रत्याशी होने से तीन बदलाव साफ हुए हैं। भाजपा की धड़ेबाजी खत्म हुई, कांग्रेस के पांच दिग्गज नेताओं सहित ढेरों पदाधिकारियों की दलीय निष्ठा बदल गई और सबसे बढ़कर आम लोगों का नजरिया बदला।

तिकड़ी बनाने के लिए उत्सुक भाजपा

लगातार दो बार इस सीट को जीत चुकी भाजपा उपचुनाव जीत तिकड़ी बनाने के लिए उत्सुक है। पांच बार कांग्रेस से प्रत्याशी रहे दो बार के विधायक हेमेश खर्कवाल के बजाय पहली बार महिला प्रत्याशी को मैदान में उतार कांग्रेस ने महिला कार्ड खेलने का प्रयास किया है, लेकिन राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि अगर आखिरी वक्त पर कोई चमत्कारिक बदलाव न हुआ, तो अब तक के हालात इस प्रयोग को नाकाफी मान रहे हैं। 

नौ बजे तक हुआ 14.06 प्रतिशत मतदान

चंपावत विधानसभा के सबसे बड़े बूथ कुलेठी में नौ बजे तक 14.06 प्रतिशत मतदान हुआ। बूथ पर महिलाओं की लंबी कतार लगी है। चंपावत उपचुनाव के 96213 भाग्यविधाता है। इनमें 50171 पुरुष और 46042 महिला वोटर शामिल हैं।

सीएम पुष्कर सिंह धामी नहीं दे पाए वोट 

चंपावत जीआईसी बूथ पर कांंग्रेस प्रत्याशी निर्मला गहतोड़ी ने अपना मतदान किया। सपा समर्थित प्रत्याशी मनोज भट्ट ने भी अपना मतदान किया, लेकिन भाजपा प्रत्याशी मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी चंपावत उपचुनाव में वोट नहीं दे पाए। सीएम का नाम खटीमा विधानसभा क्षेत्र की मतदाता सूची में दर्ज है। निर्दलीय हिमांशु गड़कोटी भी चंपावत में वोट नहीं कर सकेंगे। मतदाता के रूप में उनका नाम पिथौरागढ़ सीट पर दर्ज है।

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