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मासूमों की मौत भी नहीं खोल पाई आंखें
देहरादून/ब्यूरो
Updated Tue, 30 Jul 2013 03:49 PM IST
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बिहार में मिड डे मील खाने से कई मासूमों की मौत के बावजूद हालात नहीं बदले हैं। शासन खाने की क्वालिटी को लेकर कड़े निर्देश जारी कर चुका है, लेकिन कोई मानने को तैयार नहीं है। संयुक्त निदेशक एमडीएम पीएस बिष्ट ने हरिद्वार के स्कूल का निरीक्षण किया तो हालत बेहद चिंताजनक थे।
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संयुक्त निदेशक एमडीएम पीएस बिष्ट ने शनिवार को हरिद्वार के छह स्कूलों का औचक निरीक्षण किया। चार स्कूलों में थाली में सब्जी नजर नहीं थी। प्राथमिक विद्यालय नगर क्षेत्र 25 में किचन के लिए स्कूल को एक साल पहले धनराशि आवंटित करने के बावजूद किचन तैयार नहीं हो पाई है। यहां क्लासरूम में खाना बन रहा था। इस स्कूल में 165 बच्चे पंजीकृत हैं, लेकिन उपस्थित केवल 106 थे।
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एक ही शिक्षिका मौजूद
राजकीय इंटर कालेज रानीपुर में सुबह आठ बजे तक आठ शिक्षक स्कूल नहीं पहुंच पाए थे। इसके अलावा 206 छात्र संख्या वाले प्राथमिक विद्यालय भेकमपुर में एक ही शिक्षिका मौजूद थी। संयुक्त निदेशक ने बताया कि अनेकी में कक्षा कक्षों की कमी है और एमडीएम बनाते हुए स्वच्छता का ध्यान नहीं रखा गया। उन्होंने कहा कि मामले में डीईओं को जांच के आदेश दिए हैं। संबंधित प्रधानाध्यापकों से स्पष्टीकरण मांगा जाएगा।
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