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रूद्रप्रयाग में व्यापारियों को सबसे बड़ा झटका
देहरादून/ब्यूरो
Updated Thu, 18 Jul 2013 11:32 AM IST
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आपदा के बाद अब व्यापारी नुकसान के आंकलन में जुटे हैं ताकि फिर से व्यापार खड़ा करने की कवायद परवान चढ़ सके। इसी संबंध में शुक्रवार को प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल की प्रबंध समिति की गांधी रोड स्थित कार्यालय में बैठक हुई। व्यापारियों के पुनर्वास पर चर्चा हुई।
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व्यापारियों को सबसे बड़ा झटका
प्रदेश अध्यक्ष अनिल गोयल के मुताबिक रूद्रप्रयाग जिले में व्यापारियों को सबसे बड़ा झटका लगा है। इसके अलावा चमोली, उत्तरकाशी, टिहरी और पिथौरागढ़ के व्यापारी सीधे प्रभावित हुए हैं। जिन व्यापारियों का पैसा पहाड़ पर व्यापार होने के नाते फंसा है, उनके लिए भी राहत पैकेज घोषित करने और ब्याज मुक्त लोन दिए जाने की बात रखी गई।
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जिन शहरों के व्यापारियों के लिए यह मुद्दा उठाया गया, उनमें ऋषिकेश, रामनगर, टनकपुर, हल्द्वानी, हरिद्वार, मसूरी और नैनीताल शामिल हैं। बैठक में प्रबंध समिति के अध्यक्ष यशपाल अग्रवाल, बाबू लाल गुप्ता, उमेश अग्रवाल, नवीन चंद, संजय नागलिया, ओम प्रकाश अरोड़ा, विपिन नागलिया आदि शामिल रहे।
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व्यापारियों ने उठाईं यह मांगें भी
उजड़े व्यापारियों के चिन्हीकरण के साथ ही उनके लिए पुनर्वास योजना बने
लोन की यथास्थिति बनाए रखते हुए उसे दो साल तक के लिए स्थगित करें
जिनकी जमीनें आपदा में बह गई हैं, उनके लिए वैकल्पिक जमीन की व्यवस्था हो
टैक्स या किसी भी रूप में जमा होने वाले रिटर्न को स्थगित किया जाए, रोड टैक्स माफ हो
यात्रा मार्ग और आपदा ग्रस्त जिलों में रेस्टोरेंट कर को दो साल के लिए पूरी तरह माफ करें
बीमा क्लेम का त्वरित भुगतान हो, इसके लिए कम-से-कम कागजी कार्रवाई की जाए