डॉक्टर और कर्मचारियों से मारपीट के आरोपी बीएसएफ जवान समेत दो को जेल, ये है पूरा मामला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सरकारी अस्पताल के डॉक्टर और कर्मचारियों के कपड़े फाड़कर उन्हें पीटने के आरोप में बीएसएफ जवान और उसके साथी को जेल भेज दिया गया है। आरोपियों की गिरफ्तारी की सूचना मिलते ही डॉक्टर और कर्मचारी ड्यूटी पर लौट आए। बता दें कि मुख्य आरोपी बीएसएफ में कार्यरत है और नगालैंड में तैनात है।
सोमवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) के ईएमओ डॉ. संजीव देशवाल ने कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। कहा कि ग्राम बरखेड़ा पांडे थाना आईटीआई काशीपुर निवासी बीएसएफ जवान समरपाल सड़क दुर्घटना में घायल अपनी भाभी किरन और बेटी खुशी को इलाज के लिए लाया था।
उसके साथ आठ-दस ग्रामीण भी थे। ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों और ईएमओ ने प्राथमिक उपचार के बाद सीटी स्कैन कराने के लिए खुशी को हायर सेंटर रेफर कर दिया था। अस्पताल स्टाफ एंबुलेंस से घायलों को भेजने की व्यवस्था में लगा था।
इसी बीच समरपाल और उसके साथ आए तीन चार महिला एवं पुरुषों ने ईएमओ, फार्मेसिस्ट आनंद बल्लभ भट्ट, वार्ड ब्वाय विकास कुमार, स्वच्छक राजेश कुमार पर जानलेवा हमला कर मारपीट की और कपड़े फाड़ दिए।
पुलिस के समय पर न पहुंचने से आक्रोशित डॉक्टरों और कर्मचारियों ने ओपीडी और इमरजेंसी सेवाओं का आरोपियों की गिरफ्तारी होने तक बहिष्कार कर दिया था। पुलिस ने घटना की रिपोर्ट दर्ज कर मुख्य आरोपी समरपाल और उसके साथी राजीव कुमार निवासी ग्राम माधोवाला टांडा थाना रेहड़ को गिरफ्तार कर लिया। कोर्ट में पेश कर उन्हें जेल भेज दिया गया।
विवेचना कर रहे एसआई जीएस अधिकारी ने बताया घटना की रिपोर्ट धारा 332, 186, 353, 504, 506 के तहत दर्ज कर दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया। उन्होंने बताया कि घटना में शामिल दो महिलाएं आरोपी की भाभी किरन और बहन पूनम को नोटिस देकर कोतवाली बुलाया है। आरोपी समरपाल बीएसएफ में कार्यरत है तथा नगालैंड में तैनात है। डॉ. संजीव देशवाल ने बताया कि अस्पताल की ओपीडी और आपातकालीन सेवा सुचारु है।