चुनाव से पहले ही भाजयुमो जिलाध्यक्ष समेत 120 पदाधिकारियों ने दिया इस्तीफा, ये है वजह
सहकारी बैंक के चुनाव से पहले ही भाजपा में रार पैदा हो गई है। जिला सहकारी बैंक के अध्यक्ष पद के दावेदार एवं भाजयुमो जिलाध्यक्ष उमेश महर ने अपने पद और पार्टी से इस्तीफा दे दिया है। उनके समर्थन में 120 पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने भी त्यागपत्र दे दिया है।
भाजयुमो जिलाध्यक्ष महर ने भाजपा एवं भाजयुमो प्रदेश अध्यक्ष को इस्तीफा भेज दिया है। कहा है कि वह 15 साल से भाजपा से जुड़े हैं, लेकिन सहकारी चुनाव में पार्टी की गतिविधियों से आहत हैं।
उनका नाम तक अध्यक्ष के पैनल में नहीं भेजा गया, जबकि वह जिला सहकारी बैंक अध्यक्ष पद के प्रबल दावेदार थे। बता दें कि महर विण विकासखंड से सहकारी बैंक के निदेशक चुने गए हैं। उन्हें जिला सहकारी बैंक के प्रबल दावेदारों में गिना जा रहा था।
वहीं, महर के समर्थन में भाजयुमो के नगर मंडल महामंत्री महेंद्र देउपा, विण के मंडल अध्यक्ष दिनेश बिष्ट, मूनाकोट के ब्लॉक अध्यक्ष शुभम सौन, आठगांव शिलिंग मंडल के अध्यक्ष अनिल सौन, जिला उपाध्यक्ष ललित जोशी, जिला मंत्री मदन जोशी, जिला कोषाध्यक्ष विक्रम रावत, जिला मीडिया प्रभारी राजेश शर्मा समेत 120 लोगों ने अपने पदों से त्यागपत्र दे दिया है।
जिला सहकारी बैंक के अध्यक्ष के लिए प्रदेश स्तर से पैनल में नाम नहीं मांगे गए थे, न भेजे गए हैं। जिला सहकारी बैंक के चुनाव के लिए पिथौरागढ़ और चंपावत जिले की एक समिति बनाई गई है। समिति और निदेशक नाम तय करेंगे। यह पार्टी का अंदरूनी मामला है, सुलझा लिया जाएगा।
-विरेंद्र वल्दिया, भाजपा जिलाध्यक्ष, पिथौरागढ़