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भाजपा को कांग्रेस से नहीं, खुद से खतरा
अजित सिंह राठी/अमर उजाला, देहरादून
Updated Mon, 31 Mar 2014 11:46 AM IST
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शुरू हो रहे लोकसभा के चुनावी संग्राम में भाजपा को विरोधियों से कम और अपने क्षत्रपों से ज्यादा खतरा है। मोदी लहर में रथ पर सवार होकर जीत का भ्रम पाले पार्टी प्रत्याशियों को अब जमीनी हकीकत नजर आने लगी है।
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राजनाथ ने की कौशिक से बात
मसला गंभीर है तभी तो भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनाथ सिंह ने हरिद्वार से टिकट न मिलने पर नाराज चल रहे मदन कौशिक से बात की।
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वहीं पार्टी के राष्ट्रीय महामंत्री (संगठन) रामलाल ने टिहरी से नाराज चल रहे मुन्ना चौहान से बात भी की। लेकिन अभी भी रास्ते काफी मुश्किल हैं।
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टिहरी में तमाम प्रयासों के बावजूद मुन्ना सिंह चौहान की नाराजगी दूर नहीं हुई। राष्ट्रीय महामंत्री (संगठन) रामलाल ने पिछले तीन दिन में कई बार मुन्ना से बात की लेकिन वह नहीं माने।
मुन्ना से मिले मनुजेंद्र शाह
टिहरी से सीटिंग एमपी माला राज्य लक्ष्मी शाह के पति राजा मनुजेंद्र शाह भी मुन्ना के आवास पर जाकर सपोर्ट मांगा लेकिन लगता है कि मुन्ना इस बार पार्टी से कोई ठोस कमिटमेंट चाहते है। हालांकि भाजपा उनके साथ वादा करके पहले भी मुकर चुकी है।
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भाजपा ने वादे के बावजूद उनकी पत्नी मधु चौहान को जिला पंचायत अध्यक्ष का टिकट नहीं दिया था। लेकिन मुन्ना ने पत्नी को जिताकर भाजपा ही नहीं कांग्रेस व अन्य क्षत्रपों को भी अपने वजूद का अहसास कराया था।
मदन कौशिक से की राजनाथ ने बात
हरिद्वार संसदीय सीट पर तपिश काफी तेज है। यहां से पूर्व सीएम रमेश पोखरियाल निशंक पार्टी के प्रत्याशी है। प्रदेश प्रभारी राधा मोहन, नेता प्रतिपक्ष अजय भट्ट, स्वयं निशंक समेत कई नेता मदन कौशिक को नहीं मना सके।
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इसके बाद तीन दिन पहले राजनाथ सिंह ने कौशिक को दिल्ली बुलाकर बात की। राजनाथ ने कौशिक से बात कर भविष्य में उनके सम्मान को बरकरार रखने की गारंटी भी दी। अब यह तय माना जा रहा है कि मुन्ना व कौशिक यदि चुनाव में दिल से नहीं लगे तो प्रत्याशियों की राह मुश्किल हो सकती है।
अल्मोड़ा और पौड़ी में भी रूठे
उधर, अल्मोड़ा सीट पर सज्जनलाल टम्टा के पार्टी छोड़ने और रेखा आर्य के नाराज होने से नुकसान तो हुआ है लेकिन पार्टी के कई बड़े नेता क्षेत्र में ही कैंप कर रहे है।
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पौड़ी में मोहन सिंह गांववासी नाराज तो है लेकिन पार्टी नेताओं का दावा है कि वह पार्टी प्रत्याशी को नुकसान पहुंचाने वाला कोई काम नहीं करेंगे।