फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Banks obstruct the dreams of young unemployed

युवा बेरोजगारों के सपनों पर बैंकों का अड़ंगा

Fri, 14 Jan 2022 01:21 AM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Fri, 14 Jan 2022 01:21 AM IST
विज्ञापन
Banks obstruct the dreams of young unemployed
देहरादून। पिछले कोरोना काल में नौकरी गवां चुके युवा बेरोजगार के रोजगार के सपनों पर बैंक बाधक बने हुए हैं। अपना खुद का रोजगार स्थापित करने के उद्देश्य से युवा बड़ी संख्या में मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के तहत उद्योग विभाग में आवेदन तो कर रहे हैं, लेकिन आवेदन लंबे समय से बैंकों में लंबित पड़े हुए हैं। साथ ही अधिकतर आवेदनों को रिजेक्ट कर दिया जा रहा है।
विज्ञापन

वित्तीय वर्ष 2021-22 में जनपद में स्वरोजगार के लिए जिला उद्योग केंद्र पहुंचे 736 आवेदनों में से 260 आवेदनों पर ही लोन प्राप्त हुआ है। दरअसल, कोरोना काल में अन्य जनपदों के साथ ही जनपद देहरादून के कई युवाओं को अपनी नौकरी गंवानी पड़ी थी। इन बेरोजगार युवाओं को स्वरोजगार के लिए प्रदेश में मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना की शुरूआत की गई है। जिसमें बेरोजगारों को दुकान आदि छोटे धंधे खोलने के लिए 10 लाख तक लोन का प्रावधान किया गया है। इस स्वरोजगार योजना को काफी सराहा गया। प्रदेशभर में बड़ी संख्या में युवाओं ने जिला उद्योग केंद्र में आवेदन किए, लेकिन युवाओं के रोजगार के सपनों पर बैंक बाधक बने हुए हैं। जिला उद्योग केंद्र को 736 आवेदन मिले थे। जिन्हें विभाग की ओर से विभिन्न बैंकों को भेजा गया है, लेकिन अभी तक इसमें से केवल 260 आवेदनों पर ही बैंकों ने लोन स्वीकृति किया है। 212 आवेदन अभी लंबित है। बाकी आवेदनों को या तो बैंक ने वापस भेज दिया है या रिजेक्ट कर दिया है।
विज्ञापन

योजना की स्थिति
जिला उद्योग केंद्र की की ओर से बैंकों को भेजे गए आवेदन- 736
बैंकों में लंबित - 212
बैकों से वापस भेजे गए -41
बैकों से रिजेक्ट किए गए -250
बैंकों से कुल स्वीकृत लोन-260
बैंकों से ऋण वितरित -138
---
योजना के तहत जितने भी आवेदन आते हैं, उन्हें तत्काल स्वीकृत कर बैंकों को भेज दिया जाता है। कई आवेदनों पर बैंकों की ओर से जो आपत्ति होती है, उसे दूर कर दोबारा भी भेजा दिया जाता है। कोशिश की जाती है कि अधिक से अधिक लोगों को योजना का लाभ मिल सके, लेकिन बैंकों की अपनी गाइड लाइन होती है। फिर भी इस संबंध में लगातार कोशिश होती है कि बैंक तत्काल लोन स्वीकृत करें। जिससे से अधिक से अधिक युवाओं को स्व रोजगार के लिए पैसा मिल सके।
विज्ञापन
विज्ञापन

-अंजनि रावत नेगी, महाप्रबंधक, जिला उद्योग केंद्र
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed