{"_id":"5ca26e2cbdec2214787e3f8e","slug":"81554148908-dehradun-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"केवल से टीवी देखने वालों के बुरी खबर, 15 हजार उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
केवल से टीवी देखने वालों के बुरी खबर, 15 हजार उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटे
Tue, 02 Apr 2019 10:38 AM IST
अलका त्यागी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
Published by: अलका त्यागी
Updated Tue, 02 Apr 2019 10:38 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
31 मार्च तक अपनी पसंद के चैनल चयन न करने पर केबल संचालकों ने 15 हजार उपभोक्ताओं के कनेक्शन काट दिए हैं। उधर, कुछ उपभोक्ताओं का कहना है कि चैनल का पैकेज महंगा होने पर उन्होंने फिलहाल केबल कनेक्शन न लेने का निर्णय लिया है। शहर में कुल दो लाख केबल उपभोक्ता थे।
अब एक लाख 85 हजार उपभोक्ता रहे गए हैं। जब से केबल एवं डिश कंपनियों ने टीवी पर अपने मनपसंद चैनल चुनने और उसी के हिसाब से भुगतान करने का विकल्प दिया है कई परिवारों में असमंजस की स्थिति है।
महिलाएं जहां सास-बहू के सीरियल वाले चैनल देखना चाहती हैं वहीं बच्चे कार्टून चैनल देखना चाहते हैं। इनके अलावा पापा को आईपीएल के दौरान स्पोटर्स और न्यूज चैनल चाहिए।
विज्ञापन
इससे चैनल की संख्या तो बढ़ रही है साथ ही पैकेज भी महंगा हो रहा है। नजीजतन बजट को कम करने के लिए कौन से चैनल कम किए जाएं अधिकतर उपभोक्ता इसी पसोपेश में है। जबकि इससे पहले केबल और डिश टीवी में एकमुश्त रिचार्ज करने पर टीवी पर अनुबंध के हिसाब से सब चैनल देखे जा रहे थे।
विज्ञापन
अब एक लाख 85 हजार उपभोक्ता रहे गए हैं। जब से केबल एवं डिश कंपनियों ने टीवी पर अपने मनपसंद चैनल चुनने और उसी के हिसाब से भुगतान करने का विकल्प दिया है कई परिवारों में असमंजस की स्थिति है।
विज्ञापन
महिलाएं जहां सास-बहू के सीरियल वाले चैनल देखना चाहती हैं वहीं बच्चे कार्टून चैनल देखना चाहते हैं। इनके अलावा पापा को आईपीएल के दौरान स्पोटर्स और न्यूज चैनल चाहिए।
विज्ञापन
इससे चैनल की संख्या तो बढ़ रही है साथ ही पैकेज भी महंगा हो रहा है। नजीजतन बजट को कम करने के लिए कौन से चैनल कम किए जाएं अधिकतर उपभोक्ता इसी पसोपेश में है। जबकि इससे पहले केबल और डिश टीवी में एकमुश्त रिचार्ज करने पर टीवी पर अनुबंध के हिसाब से सब चैनल देखे जा रहे थे।