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वाहन हादसे में व्यापारी के दो बेटों की दर्दनाक मौत
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उत्तरकाशी। उत्तरकाशी-सुआखोली-देहरादून मोटर मार्ग पर अलमस के पास हुए सड़क हादसे में डुंडा उत्तरकाशी के व्यापारी के दो बेटों की मौत हो गई, जबकि व्यापारी स्वयं गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के शोक में बुधवार को डुंडा का बाजार बंद रहा।
डुंडा निवासी कपड़ा व्यवसायी नीलकमल निझोन (48) पुत्र घनश्याम मंगलवार शाम को देहरादून में पढ़ने वाले बड़े बेटे सत्यम (22) को छोड़ने जा रहे थे। साथ में छोटा बेटा यश (13) भी था। शाम करीब छह बजे अलमस के पास उनकी कार अनियंत्रित होकर खाई में जा गिरी। हादसे में यश की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। गंभीर रूप से घायल सत्यम और नीलकमल को मसूरी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां सत्यम ने भी दम तोड़ दिया। हादसे के दौरान देहरादून से उत्तरकाशी आ रहे डीएम डा. आशीष चौहान ने मौके पर रुक कर खोज एवं बचाव अभियान की कमान संभाली। बुधवार को दोनों बच्चों के शव डुंडा लाकर उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया। घायल व्यापारी नीलकमल की हालत अब खतरे से बाहर है। बच्चों के अंतिम संस्कार के लिए उन्हें भी डुंडा लाया गया। दोनों बेटों की मौत के बाद से व्यापारी के घर में मातम छाया हुआ है। परिजनों का रो रोकर बुरा हाल है। बुधवार को डुंडा के व्यापारियों ने बाजार बंद रखकर शोक जताया। ब्यूरो
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डुंडा निवासी कपड़ा व्यवसायी नीलकमल निझोन (48) पुत्र घनश्याम मंगलवार शाम को देहरादून में पढ़ने वाले बड़े बेटे सत्यम (22) को छोड़ने जा रहे थे। साथ में छोटा बेटा यश (13) भी था। शाम करीब छह बजे अलमस के पास उनकी कार अनियंत्रित होकर खाई में जा गिरी। हादसे में यश की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। गंभीर रूप से घायल सत्यम और नीलकमल को मसूरी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां सत्यम ने भी दम तोड़ दिया। हादसे के दौरान देहरादून से उत्तरकाशी आ रहे डीएम डा. आशीष चौहान ने मौके पर रुक कर खोज एवं बचाव अभियान की कमान संभाली। बुधवार को दोनों बच्चों के शव डुंडा लाकर उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया। घायल व्यापारी नीलकमल की हालत अब खतरे से बाहर है। बच्चों के अंतिम संस्कार के लिए उन्हें भी डुंडा लाया गया। दोनों बेटों की मौत के बाद से व्यापारी के घर में मातम छाया हुआ है। परिजनों का रो रोकर बुरा हाल है। बुधवार को डुंडा के व्यापारियों ने बाजार बंद रखकर शोक जताया। ब्यूरो
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