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विशेषज्ञ समिति ने हैस्को के प्रयोगों का अवलोकन किया
Updated Fri, 02 Feb 2018 02:01 AM IST
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विशेषज्ञ समिति ने हैस्को के प्रयोगों का अवलोकन किया
ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून।
विज्ञान एवं तकनीकी मंत्रालय की विशेषज्ञ समिति ने बृहस्पतिवार को हैस्को पहुंचकर उसके प्रयोगों का अवलोकन किया। टीम ग्रामीण क्षेत्रों में हैस्को के कार्यों का मूल्यांकन भी करेगी। हैस्को प्रमुख डा. अनिल जोशी ने समिति को संगठन की भावी योजनाओं की जानकारी दी।
डा. अनिल जोशी ने कहा कि संगठन का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को नई तकनीकी से जोड़ना है। इसके अलावा विभिन्न शोध कार्यों के जरिये रोजगार सृजन की संभावनाओं को तलाशा जा रहा है। हैस्को के प्रमुख वैज्ञानिक डा. राकेश कुमार ने हैस्को के पिछले कार्यों का विवरण प्रस्तुत किया।
आईआईएससी बंगलूरू के वरिष्ठ वैज्ञानिक प्रोफेसर एच. चाणक्य ने कहा कि हैस्को लोगों को विज्ञान से जोड़कर कार्य कर रहा है। यह सराहनीय है। हैक्को की तकनीक के अवलोकन और बैठक के बाद विशेषज्ञ दल ने रायपुर क्षेत्र के बांदल घाटी सेे सीतापुर, सरखेत, कुमाल्डा, भरवाकाटल, घंतुसेरा, ताछिला और सहसपुर क्षेत्र के रतनपुर, शुक्लापुर, विकासनगर क्षेत्र के जाटोवाला, सभावाला, फ तेहग्राम से आए किसानों से बातचीत कर उनके खेती के तरीकों की जानकारी ली। टीम में वरिष्ठ वैज्ञानिक डा. सुनील अग्रवाल, बीएआईएफ. दिल्ली के उपाध्यक्ष डा. रमेश रावल, डा. नीलू गेरा, डा. नीलू ज्योति, डा. रुचि बडोला आदि शामिल रहे।
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इनका किया अवलोकन
दल ने हैस्को के फल प्रसंस्करण, घराट, स्प्रिंग रिचार्ज, वर्मी कंपोस्ट, किसान बैंक, बायोगैस आदि का अवलोकन किया। कारबारी में मशरूम उत्पादन केंद्र और कण्डौली में फल प्रसंस्करण इकाई का भी अवलोकन किया।
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ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून।
विज्ञान एवं तकनीकी मंत्रालय की विशेषज्ञ समिति ने बृहस्पतिवार को हैस्को पहुंचकर उसके प्रयोगों का अवलोकन किया। टीम ग्रामीण क्षेत्रों में हैस्को के कार्यों का मूल्यांकन भी करेगी। हैस्को प्रमुख डा. अनिल जोशी ने समिति को संगठन की भावी योजनाओं की जानकारी दी।
डा. अनिल जोशी ने कहा कि संगठन का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को नई तकनीकी से जोड़ना है। इसके अलावा विभिन्न शोध कार्यों के जरिये रोजगार सृजन की संभावनाओं को तलाशा जा रहा है। हैस्को के प्रमुख वैज्ञानिक डा. राकेश कुमार ने हैस्को के पिछले कार्यों का विवरण प्रस्तुत किया।
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आईआईएससी बंगलूरू के वरिष्ठ वैज्ञानिक प्रोफेसर एच. चाणक्य ने कहा कि हैस्को लोगों को विज्ञान से जोड़कर कार्य कर रहा है। यह सराहनीय है। हैक्को की तकनीक के अवलोकन और बैठक के बाद विशेषज्ञ दल ने रायपुर क्षेत्र के बांदल घाटी सेे सीतापुर, सरखेत, कुमाल्डा, भरवाकाटल, घंतुसेरा, ताछिला और सहसपुर क्षेत्र के रतनपुर, शुक्लापुर, विकासनगर क्षेत्र के जाटोवाला, सभावाला, फ तेहग्राम से आए किसानों से बातचीत कर उनके खेती के तरीकों की जानकारी ली। टीम में वरिष्ठ वैज्ञानिक डा. सुनील अग्रवाल, बीएआईएफ. दिल्ली के उपाध्यक्ष डा. रमेश रावल, डा. नीलू गेरा, डा. नीलू ज्योति, डा. रुचि बडोला आदि शामिल रहे।
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इनका किया अवलोकन
दल ने हैस्को के फल प्रसंस्करण, घराट, स्प्रिंग रिचार्ज, वर्मी कंपोस्ट, किसान बैंक, बायोगैस आदि का अवलोकन किया। कारबारी में मशरूम उत्पादन केंद्र और कण्डौली में फल प्रसंस्करण इकाई का भी अवलोकन किया।