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कानून व्यवस्था छोड़ गायों की ड्यूटी बजा रही पुलिस

Sat, 06 Jul 2019 01:40 AM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Sat, 06 Jul 2019 01:40 AM IST
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कानून व्यवस्था छोड़ गायों की ड्यूटी बजा रही पुलिस
ब्यूूरो/अमर उजाला, विकासनगर।
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सेलाकुई। सहसपुर थाने में तस्करों से छुड़ाए गए गोवंश पुलिस के लिए परेशानी का सबब बने हुए हैं। इन गोवंशों को लेने वाला कोई नहीं है। ऐसे में पुलिस महकमे को गोवंश के लिए चारा पत्ती का इंतजाम करना पड़ रहा है। थानेदार से लेकर सिपाही तक गोवंश की सेवा में जुटे हैं। ऐसे में सवाल उठता है कि पुलिस गोवंश की देखभाल करे या फिर कानून व्यवस्था संभाले?
बीते तीन सप्ताह में सहसपुर पुलिस तस्करों से तीन गोवंश को छुड़ा चुकी है। पूर्व तक पुलिस तस्करों से छुड़ाए गए गोवंश को छरबा गांव स्थित भद्राज गोधाम समिति के सुपुर्द कर देती थी, लेकिन सरकार की ओर से कोई मदद नहीं मिलने के चलते समिति पहले ही गोवंश को रखने में असमर्थता जता चुकी है। ऐसे में गोवंश को रखने और चारा पत्ती का इंतजाम पुलिस को ही करना पड़ रहा है। थानाध्यक्ष विजय कुमार का कहना है कि एक सिपाही की ड्यूटी गोवंश की देखभाल करने में लगानी पड़ रही है। पुलिसकर्मी किसी तरह इधर-उधर से चारा पत्ती का इंतजाम कर रहे हैं। अधिक गोवंश होने की स्थिति में पुलिस के लिए उन्हें रखना मुश्किल हो जाएगा।
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समिति के अध्यक्ष और पूर्व प्रधान रुमी राम जसवाल का कहना है कि वह 2009 से तस्करों से छुड़ाए गए गोवंश को अपने पास रख रहे हैं। अब तक पुलिस करीब 250 गोवंश उन्हें सौंप चुकी है। सरकार की ओर से आर्थिक मदद नहीं मिलने के कारण वह अब गोवंश को रखने की स्थिति में नहीं हैं।
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समिति पर 8 लाख रूपये का है कर्ज
रुमी राम जसवाल ने बताया कि गोवंश की सेवा करने में अब तक उन पर आठ लाख रुपये का कर्ज हो चुका है। प्रदेश सरकार गोवंश के संरक्षण और संवर्धन के बड़े-बड़े दावे तो करती है, लेकिन गोवंश की सेवा करने वालों को कोई आर्थिक मदद मुहैया नहीं कराती। इसके चलते अब वह गोशाला में किसी भी गोवंश को रखने में समर्थ नहीं हैं।
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वास्तव में पूरे राज्य में ऐसी गायों के लिए कोई भी सरकारी गोशाला नहीं हैं, जहां पर तस्करों से छुड़ाई गई गायों को रखा जा सके। मुख्यमंत्री के समक्ष इस समस्या को उठाया जाएगा और पूरे राज्य में ऐसी गायों के लिए गोशाला खोलने के प्रयास किए जाएंगे।

- सहदेव पुंडीर, विधायक, सहसपुर
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मवेशियों के रखरखाव की जिम्मेदारी पशुपालन विभाग की है। पशुपालन विभाग ऐसे मवेशियों को रखने के लिए अपने स्तर से व्यवस्था करता है। सहसपुर पुलिस को गायों को उनके सुपर्द करने के लिए पत्र लिखने के निर्देश दिए जाएंगे। - कौस्तुभ मिश्र, एसडीएम, विकासनगर
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