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सिपाहियों पर जानलेवा हमले के दोषी को सजा
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सिपाहियों पर जानलेवा हमले के दोषी को सजा
ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून। सिपाहियों पर चाकू से हमला करने के आरोपी को दोषी करार देते हुए न्यायालय ने छह साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। दोषी पर अपर सत्र न्यायाधीश (तृतीय) श्रीकांत पांडेय ने कुल 11 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना अदा न करने पर छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
घटना वर्ष 2013 को नेशविला रोड पर हुई थी। शासकीय अधिवक्ता राजीव कुमार अग्रवाल ने बताया कि झगड़े की सूचना पर धारा चौकी से कांस्टेबल अंगेश्वर और अनुज मौके पर गए थे। झगड़े के बीच वहां मौजूद राजेंद्र पुंडीर उर्फ राजू बॉक्सर निवासी नई बस्ती इंदिरा कॉलोनी चुक्खुवाला ने अंगेश्वर के पेट में चाकू घोंप दिया, जिससे वह भूमि पर गिर गया। उसे देखते ही अनुज राजू की तरफ दौड़ा तो उसने अनुज के पेट पर भी चाकू से वार कर दिया। दोनों सिपाहियों की अस्पताल में सर्जरी हुई। इस दौरान कई दिन अस्पताल में उपचार के बाद उनकी जान बच सकी थी।
घटना के बाद धारा चौकी के सब इंस्पेक्टर मदन सिंह बिष्ट ने राजू बॉक्सर के खिलाफ जानलेवा हमला करने के आरोप में मुकदमा दर्ज कराया। बृहस्पतिवार को इस मामले में सुनवाई पूरी हुई, जिसके आधार पर राजू बॉक्सर को अदालत ने आईपीसी 333 (लोकसेवक को ड्यूटी के दौरान घोर क्षति पहुंचाना) के आरोप में दोषी पाया। इसके तहत अदालत ने उसे छह वर्ष के कठोर कारावास और आर्म्स एक्ट के तहत एक वर्ष की कैद की सजा सुनाई है। सभी सजाएं साथ साथ चलेंगी, यानी उसे छह साल का कारावास भुगतना होगा। इसके साथ ही दोनों धाराओं में 11 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। जुर्माना अदा न करने पर छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
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ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून। सिपाहियों पर चाकू से हमला करने के आरोपी को दोषी करार देते हुए न्यायालय ने छह साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। दोषी पर अपर सत्र न्यायाधीश (तृतीय) श्रीकांत पांडेय ने कुल 11 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना अदा न करने पर छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
घटना वर्ष 2013 को नेशविला रोड पर हुई थी। शासकीय अधिवक्ता राजीव कुमार अग्रवाल ने बताया कि झगड़े की सूचना पर धारा चौकी से कांस्टेबल अंगेश्वर और अनुज मौके पर गए थे। झगड़े के बीच वहां मौजूद राजेंद्र पुंडीर उर्फ राजू बॉक्सर निवासी नई बस्ती इंदिरा कॉलोनी चुक्खुवाला ने अंगेश्वर के पेट में चाकू घोंप दिया, जिससे वह भूमि पर गिर गया। उसे देखते ही अनुज राजू की तरफ दौड़ा तो उसने अनुज के पेट पर भी चाकू से वार कर दिया। दोनों सिपाहियों की अस्पताल में सर्जरी हुई। इस दौरान कई दिन अस्पताल में उपचार के बाद उनकी जान बच सकी थी।
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घटना के बाद धारा चौकी के सब इंस्पेक्टर मदन सिंह बिष्ट ने राजू बॉक्सर के खिलाफ जानलेवा हमला करने के आरोप में मुकदमा दर्ज कराया। बृहस्पतिवार को इस मामले में सुनवाई पूरी हुई, जिसके आधार पर राजू बॉक्सर को अदालत ने आईपीसी 333 (लोकसेवक को ड्यूटी के दौरान घोर क्षति पहुंचाना) के आरोप में दोषी पाया। इसके तहत अदालत ने उसे छह वर्ष के कठोर कारावास और आर्म्स एक्ट के तहत एक वर्ष की कैद की सजा सुनाई है। सभी सजाएं साथ साथ चलेंगी, यानी उसे छह साल का कारावास भुगतना होगा। इसके साथ ही दोनों धाराओं में 11 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। जुर्माना अदा न करने पर छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
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