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स्थायी राजधानी के लिए भराड़ीसैंण में दिया धरना
Updated Fri, 09 Nov 2018 10:09 PM IST
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गैरसैंण। स्थायी राजधानी निर्माण संघर्ष समिति ने गैरसैंण को स्थायी राजधानी बनाने की मांग को लेकर भराड़ीसैंण में धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने गैरसैंण को स्थायी राजधानी बनाए जाने की मांग की।
समिति के अध्यक्ष नारायण सिंह बिष्ट के नेतृत्व में दोपहर बारह बजे भराड़ीसैंण पहुंचे आंदोलनकारियों ने निर्माणाधीन विधानसभा के मुख्य द्वार पर धरना शुरू किया। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि राज्य के 19वें साल में प्रवेश होने के बावजूद अब तक स्थायी राजधानी नहीं बन पाई है। उत्तराखंड राज्य आंदोलन की भावना रही गैरसैंण को राजनीतिक दलों ने केवल राजनीति के लिए प्रयोग किया। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि यदि प्रदेश की राजधानी गैरसैंण बनती तो पहाड़ी जिलों से आज पलायन नहीं होता। प्रदर्शनकारियों ने गैरसैंण को स्थायी राजधानी घोषित करने की मांग की। प्रदर्शन करने वालों में वीरेंद्र मिंगवाल, कांग्रेस सेवा दल के जिलाध्यक्ष संजय रावत, युवा अध्यक्ष वीरेंद्र बिष्ट, कमला पंवार, वीरेंद्र आर्य आदि शामिल थे।
54 दिनों से चल रहे आंदोलन की सरकार नहीं ले रही सुध
गैरसैंण। देहरादून के परेड ग्राउंड में स्थायी राजधानी गैरसैंण को घोषित करने की मांग के लिए आंदोलन करने वाले मदन सिंह भंडारी ने यहां पत्रकारों से बातचीत में कहा कि परेड ग्राउंड में 54 दिनों से आंदोलन चल रहा है। सरकार एक बार भी आंदोलन का संज्ञान लेने नहीं पहुंची। उन्होंने कहा कि गैरसैंण के पक्ष में पूरे प्रदेश की जनभावनाएं हैं, लेकिन सरकारें गैरसैंण को हाशिए पर धकेल रही हैं।
समिति के अध्यक्ष नारायण सिंह बिष्ट के नेतृत्व में दोपहर बारह बजे भराड़ीसैंण पहुंचे आंदोलनकारियों ने निर्माणाधीन विधानसभा के मुख्य द्वार पर धरना शुरू किया। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि राज्य के 19वें साल में प्रवेश होने के बावजूद अब तक स्थायी राजधानी नहीं बन पाई है। उत्तराखंड राज्य आंदोलन की भावना रही गैरसैंण को राजनीतिक दलों ने केवल राजनीति के लिए प्रयोग किया। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि यदि प्रदेश की राजधानी गैरसैंण बनती तो पहाड़ी जिलों से आज पलायन नहीं होता। प्रदर्शनकारियों ने गैरसैंण को स्थायी राजधानी घोषित करने की मांग की। प्रदर्शन करने वालों में वीरेंद्र मिंगवाल, कांग्रेस सेवा दल के जिलाध्यक्ष संजय रावत, युवा अध्यक्ष वीरेंद्र बिष्ट, कमला पंवार, वीरेंद्र आर्य आदि शामिल थे।
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54 दिनों से चल रहे आंदोलन की सरकार नहीं ले रही सुध
गैरसैंण। देहरादून के परेड ग्राउंड में स्थायी राजधानी गैरसैंण को घोषित करने की मांग के लिए आंदोलन करने वाले मदन सिंह भंडारी ने यहां पत्रकारों से बातचीत में कहा कि परेड ग्राउंड में 54 दिनों से आंदोलन चल रहा है। सरकार एक बार भी आंदोलन का संज्ञान लेने नहीं पहुंची। उन्होंने कहा कि गैरसैंण के पक्ष में पूरे प्रदेश की जनभावनाएं हैं, लेकिन सरकारें गैरसैंण को हाशिए पर धकेल रही हैं।
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