{"_id":"5bafe2c8867a557fe67e2cb7","slug":"153825349415-rishikesh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मॉरिशस में दिखेगी भारतीय संस्कृति की झलक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मॉरिशस में दिखेगी भारतीय संस्कृति की झलक
Updated Sun, 30 Sep 2018 02:08 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ब्यूरो/अमर उजाला, ऋषिकेश। तीर्थनगरी में सनातन संस्कृति, हिंदू तीर्थ व भारतीय दर्शन पर डॉक्यूमेंट्री फिल्म निर्माण के लिए मॉरिशस से फिल्म एंड मीडिया समूह ऋषिकेश पहुंचा। टीएचडीसी के त्रिवेणी गेस्ट हाउस में पूर्व काबीना मंत्री मोहन सिंह रावत गांववासी और भारत मॉरिशस मैत्री संगठन के अध्यक्ष धीरेंद्र रांगड़ ने दल का स्वागत किया। इस दौरान मॉरिशस के फिल्म निर्माता दिल डी के बुधना ने बताया कि भारत में उनकी टीम कुल 15 डॉक्यूमेंट्री फिल्म का निर्माण करेगी, जिसमें केदारनाथ, बदरीनाथ, यमुनोत्री, गंगोत्री, तीर्थनगरी ऋषिकेश, धर्मनगरी हरिद्वार, वाराणसी, इलाहाबाद, दिल्ली व आगरा के प्रमुख स्थलों में शूटिंग की जाएगी।
मॉरिशस में भोजपुरी चैनल के कोआर्डिनेटर धर्म नौका व वरिष्ठ पत्रकार करुणा लालो ने बताया कि हिंदू बाहुल्य देश होने के बावजूद मॉरिशस के लोग अपनी वैदिक संस्कृति व तीर्थस्थलों को भूल रहे हैं, जिस कारण वहां लगातार होता धर्म परिवर्तन चिंता का विषय है। उन्होंने बताया कि डाक्यूमेंट्री बनाने का मुख्य उद्देश्य मॉरिशस के लोगों में चारधाम, गंगा जमुना संस्कृति, तीर्थयात्रा के प्रति जागृति लाना और सनातन धर्म के प्रति उनकी आस्था और विश्वास को और अधिक दृढ़ करना है।
इस दौरान मॉरिशस हिंदू हाउस के प्रमुख आचार्य हंसलाल सुखलाल, एग्जीक्यूटिव मेंबर प्रकाश रामधुन, कैमरामैन लाल बिहारी, गूदाये, मानपाल, शनिचरवा आदि मौजूद थे। मॉरिशस का दल तीर्थनगरी के बाद चारों धाम के लिए रवाना हो गया। इस अवसर पर गजेंद्र कंडियाल, भगवान सिंह रांगड़, आशाराम व्यास, विजयपाल रांगड़, महिपाल बिष्ट, विशालमणि पैन्यूली, धनसिंह रांगड़ आदि मौजूद थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
मॉरिशस में भोजपुरी चैनल के कोआर्डिनेटर धर्म नौका व वरिष्ठ पत्रकार करुणा लालो ने बताया कि हिंदू बाहुल्य देश होने के बावजूद मॉरिशस के लोग अपनी वैदिक संस्कृति व तीर्थस्थलों को भूल रहे हैं, जिस कारण वहां लगातार होता धर्म परिवर्तन चिंता का विषय है। उन्होंने बताया कि डाक्यूमेंट्री बनाने का मुख्य उद्देश्य मॉरिशस के लोगों में चारधाम, गंगा जमुना संस्कृति, तीर्थयात्रा के प्रति जागृति लाना और सनातन धर्म के प्रति उनकी आस्था और विश्वास को और अधिक दृढ़ करना है।
विज्ञापन
इस दौरान मॉरिशस हिंदू हाउस के प्रमुख आचार्य हंसलाल सुखलाल, एग्जीक्यूटिव मेंबर प्रकाश रामधुन, कैमरामैन लाल बिहारी, गूदाये, मानपाल, शनिचरवा आदि मौजूद थे। मॉरिशस का दल तीर्थनगरी के बाद चारों धाम के लिए रवाना हो गया। इस अवसर पर गजेंद्र कंडियाल, भगवान सिंह रांगड़, आशाराम व्यास, विजयपाल रांगड़, महिपाल बिष्ट, विशालमणि पैन्यूली, धनसिंह रांगड़ आदि मौजूद थे।
विज्ञापन