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भागवत कथा में निहित है जीवन को जीने का सार
Updated Thu, 06 Sep 2018 10:31 AM IST
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डोईवाला। श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर्व के उपलक्ष्य में श्रीराधे आनंद धाम की ओर से संगीतमय श्रीमद् भागवत कथा सप्ताह का शुभारंभ बृहस्पतिवार को हुआ। इस अवसर पर श्रद्धालुओं ने क्षेत्र में कलश यात्रा निकाली।
कलशयात्रा वाद्ययंत्रों की धुनों के बीच प्रेमनगर बाजार से शुरू होकर विभिन्न क्षेत्रों से होते हुए कथास्थल पर पहुंची। कलश यात्रा में पीतवस्त्र धारण किए महिलाएं सिर पर कलश लेकर चल रही थीं। कथावाचक आदित्यानंद महाराज ने पहले दिन भागवत कथा के महात्म्य की जानकारी दी। आदित्यानंद महाराज ने कहा कि कलियुग में भागवत के चिंतन से प्राणी को मोक्ष की प्राप्ति सरलता से हो जाती है। भौतिकवादी युग में मुक्ति का मार्ग भागवत कथा से ही संभव है। निस्वार्थभाव से प्रभु का चिंतन करने वाले जीव का कल्याण हो जाता है।
आयोजन समिति से जुड़े अश्वनी गुप्ता ने बताया कि कथा प्रतिदिन दोपहर तीन बजे से शुरू होगी। धार्मिक अनुष्ठान में नीलम गोयल, स्वर्णलता, भूमिका, रीना गुप्ता, सुनीता, ईश्वरचंद अग्रवाल, विनय जिंदल, लच्छीराम लोधी, राजबीर सिंह खत्री, रोमा जिंदल, शांति देवी, सुनीता गोयल, मीमांशा गुप्ता, प्रिंस, राहुल, आनंद और रामचंद्र आदि मौजूद रहे।
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कलशयात्रा वाद्ययंत्रों की धुनों के बीच प्रेमनगर बाजार से शुरू होकर विभिन्न क्षेत्रों से होते हुए कथास्थल पर पहुंची। कलश यात्रा में पीतवस्त्र धारण किए महिलाएं सिर पर कलश लेकर चल रही थीं। कथावाचक आदित्यानंद महाराज ने पहले दिन भागवत कथा के महात्म्य की जानकारी दी। आदित्यानंद महाराज ने कहा कि कलियुग में भागवत के चिंतन से प्राणी को मोक्ष की प्राप्ति सरलता से हो जाती है। भौतिकवादी युग में मुक्ति का मार्ग भागवत कथा से ही संभव है। निस्वार्थभाव से प्रभु का चिंतन करने वाले जीव का कल्याण हो जाता है।
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आयोजन समिति से जुड़े अश्वनी गुप्ता ने बताया कि कथा प्रतिदिन दोपहर तीन बजे से शुरू होगी। धार्मिक अनुष्ठान में नीलम गोयल, स्वर्णलता, भूमिका, रीना गुप्ता, सुनीता, ईश्वरचंद अग्रवाल, विनय जिंदल, लच्छीराम लोधी, राजबीर सिंह खत्री, रोमा जिंदल, शांति देवी, सुनीता गोयल, मीमांशा गुप्ता, प्रिंस, राहुल, आनंद और रामचंद्र आदि मौजूद रहे।
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