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वाइजेयी ने 1981 में डोईवाला में की थी जनसभा

Fri, 17 Aug 2018 02:44 AM IST
Updated Fri, 17 Aug 2018 02:44 AM IST
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वाइजेयी ने 1981 में डोईवाला में की थी जनसभा
ब्यूरो/अमर उजाला, डोईवाला। पूर्व प्रधानमंत्री और भारतरत्न अटल बिहारी वाजपेयी डोईवाला की भी स्मृतियों में हैं। अस्सी के दशक में वाजपेयी की आहूत हुई जनसभा को सुनने के लिए नगर में करीब डेढ़ हजार लोग उमड़े थे। खास बात यह थी कि वाजपेयी निर्धारित समय पर जनसभा में पहुंच गए थे। 1980 में भाजपा के गठन के बाद से पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने संगठन के साथ लोगों को जोड़ने के लिए अविभाजित उत्तर प्रदेश के समय गढ़वाल के कई पर्वतीय इलाकों में भ्रमण किया था।
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साल 1981 के दौर में भाजपा से जुड़े कार्यकर्ताओं ने उनकी जनसभा रेलवे रोड पर आयोजित की थी। उस दौरान जनसभा के लिए भीड़ जुटाना चुनौती भरा होता था। वाजपेयी की जनसभा के संयोजक सदस्य विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल के बड़े भाई ताराचंद अग्रवाल बताते हैं कि उनकी लोकप्रियता उस समय भी इतनी थी, कि उनको सुनने के लिए डेढ़ हजार लोग सभा में आए थे।
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डोईवाला से पहली बार कार्यकर्ताओं ने 21 हजार की धनराशि की थैली संगठन के लिए भेंट की थी। उनका कहना है कि आवागमन के सीमित साधनों के बावजूद वाजपेयी उस दौरान समय पर जनसभा में पहुंचे थे जिससे, लोग बहुत उत्साहित हुए थे। नब्बे के दशक में पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी देहरादून भ्रमण के दौरान नगर पंचायत के पहले अध्यक्ष रहे स्व. आत्माराम अग्रवाल के घर में कुछ देर रुके थे। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी डोईवाला नगर की स्मृतियों में हमेशा रहेंगे।
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आपातकाल में परेशानियों का किया था जिक्र
डोईवाला। डोईवाला में हुई जनसभा में भारत रत्न और भाजपा के तत्कालीन राष्ट्रीय अध्यक्ष अटल बिहारी वाजपेई ने एक घंटे से अधिक के संबोधन में आपातकाल की परेशानियां का भी जिक्र किया था। जनसभा के संयोजक सदस्य रहे ताराचंद अग्रवाल ने बताया कि रेलवे रोड़ डोईवाला में भाजपा की यह पहली बड़ी जनसभा थी, जिसको लेकर भाजपा कार्यकर्ताओं से लेकर नगर के लोगों में भी जोश रहा था। अपने संबोधन में उन्होंने देश की बेहतरी, समाज के लिए अधिक विकास कार्य कराने से लेकर संगठन को मजबूत बनाने पर चर्चा की थी। खासतौर आपातकाल के दौर की चर्चा के अलावा जयप्रकाश नारायण के आंदोलन की चर्चा की।
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