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दो दिन में 25 करोड़ का लेन-देन प्रभावित
Updated Fri, 01 Jun 2018 01:48 AM IST
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ब्यूरो/अमर उजाला/विकासनगर।
वेतन बढ़ोतरी की मांग पर बैंक कर्मियों की बृहस्पतिवार को दूसरे दिन भी हड़ताल पर डटे रहे। उन्होंने यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन के बैनर तले विकासनगर मुख्य बाजार में जुलूस निकाल कर केंद्र सरकार और वित्त मंत्रालय के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। हड़ताल के चलते बीते दो दिन में अकेले पछवादून क्षेत्र में 25 करोड़ से अधिक का लेनदेन प्रभावित हो चुका है।
कर्मचारियों ने कहा कि पांच साल में दो प्रतिशत वेतन वृद्धि का प्रस्ताव बढ़ती महंगाई में बहुत कम है। यदि सरकार इस प्रस्ताव में संशोधन नहीं करता तो उन्हें उग्र आंदोलन को मजबूर होना पड़ेगा। केंद्र सरकार बडे़ पूंजीपतियों को तो रियायत दे रही है, लेकिन बैंक कर्मियों की मांगे नहीं मान रही है। वर्ष 2012 में जो समझौता किया गया था उसमें 15 प्रतिशत की वेतन बढ़ोतरी की गई थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। वर्तमान में सरकार दो प्रतिशत वेतन बढ़ोतरी की बात कर रही है जो सही नहीं है।
प्रदर्शन करने वालों में कांतिराम नौटियाल, आरएस चौहान, आईएस रावत, वासिफ रहमान, टीएस रावत, एमआर शर्मा, मनोज गुसाईं, राजेश जोशी, सचिन विक्रम, कलम सिंह, अतर सिंह चौहान, मोनू रोहिला, राजन दास, कमल, आरएस गुलेरिया, सुरेंद्र तोमर, राकेश गोयल, विनोद गौतम, नितिन सैनी, अंकित सिंघल, प्रियांशु यादव, अशोक कुमार, बारू सिंह रावत, संजय कुमार आदि मौजूद रहे।
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वेतन बढ़ोतरी की मांग पर बैंक कर्मियों की बृहस्पतिवार को दूसरे दिन भी हड़ताल पर डटे रहे। उन्होंने यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन के बैनर तले विकासनगर मुख्य बाजार में जुलूस निकाल कर केंद्र सरकार और वित्त मंत्रालय के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। हड़ताल के चलते बीते दो दिन में अकेले पछवादून क्षेत्र में 25 करोड़ से अधिक का लेनदेन प्रभावित हो चुका है।
कर्मचारियों ने कहा कि पांच साल में दो प्रतिशत वेतन वृद्धि का प्रस्ताव बढ़ती महंगाई में बहुत कम है। यदि सरकार इस प्रस्ताव में संशोधन नहीं करता तो उन्हें उग्र आंदोलन को मजबूर होना पड़ेगा। केंद्र सरकार बडे़ पूंजीपतियों को तो रियायत दे रही है, लेकिन बैंक कर्मियों की मांगे नहीं मान रही है। वर्ष 2012 में जो समझौता किया गया था उसमें 15 प्रतिशत की वेतन बढ़ोतरी की गई थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। वर्तमान में सरकार दो प्रतिशत वेतन बढ़ोतरी की बात कर रही है जो सही नहीं है।
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प्रदर्शन करने वालों में कांतिराम नौटियाल, आरएस चौहान, आईएस रावत, वासिफ रहमान, टीएस रावत, एमआर शर्मा, मनोज गुसाईं, राजेश जोशी, सचिन विक्रम, कलम सिंह, अतर सिंह चौहान, मोनू रोहिला, राजन दास, कमल, आरएस गुलेरिया, सुरेंद्र तोमर, राकेश गोयल, विनोद गौतम, नितिन सैनी, अंकित सिंघल, प्रियांशु यादव, अशोक कुमार, बारू सिंह रावत, संजय कुमार आदि मौजूद रहे।
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