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स्थानीय वाहन चालकों ने निजी ट्रेवल एजेंसियां के प्रति जताया आक्रोश
Updated Fri, 13 Apr 2018 11:04 PM IST
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श्रीनगर। पर्वतीय टैक्सी/मैक्सी महासंघ की बैठक में चारधाम यात्रा शुरू होने से पहले शासन व परिवहन विभाग से न्याय की गुहार लगाई है। महासंघ ने कहा कि यात्रा काल में ट्रेवल एजेंसियां विभिन्न प्रदेशों के निजी वाहनों को कम दाम पर हायर कर यात्रा में लगाते है, जिससे स्थानीय वाहन स्वामियों को रोजगार नहीं मिल पाता है।
बैठक में महासंघ के अध्यक्ष राकेश बर्त्वाल ने कहा कि पर्वतीय क्षेत्रों में साल भर से यात्रा सीजन की आस लगाए वाहन स्वामियों की उम्मीदों पर ट्रेवल एजेंसियां पानी फेर देती है। कहा कि हरिद्वार व ऋषिकेश में स्थित ट्रेवल एजेंसियां अन्य राज्यों से वाहनों को किराए पर लेकर इनका संचालन यात्रा में करते है, जिसमें कि अधिकतर निजी वाहन शामिल होते है जोकि कम दाम पर हायर किए जाते है। जबकि स्थानीय वाहन चालकों को परिवहन के नियमों का पाठ पढ़ा कर उन्हें बेरोजगार किया जाता है। कहा कि पर्वतीय क्षेत्रों में वाहनों का संचालन लोगों की आर्थिकी का एक मुख्य साधन है। इसके लिए वह बैंक आदि से ऋण लेकर वाहन खरीदते है, लेकिन ट्रेवल एजेंसियों के कारण उन्हें बेरोजगार होना पड़ जाता है। महा संघ ने मांग की है कि निजी ट्रेवल एजेंसियों में स्थानीय वाहनों का संचालन किया जाय। ग्रीन कार्ड केवल ऋषिकेश व हरिद्वार से यात्रा में संचालित वाहनों के लिए अनिवार्य किया जाय। महासंघ की ओर से मांगों का एक ज्ञापन मुख्यमंत्री का भेजा गया। इस मौके पर महावीर बहुगुणा, विरेंद्र सिंह रावत, योगेंद्र सिंह, संदीप सिंह, सुरेंद्र सिंह, चंद्र सिंह, महिपाल सिंह, वृजमोहन व नत्थी सिंह आदि मौजूद थे।
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बैठक में महासंघ के अध्यक्ष राकेश बर्त्वाल ने कहा कि पर्वतीय क्षेत्रों में साल भर से यात्रा सीजन की आस लगाए वाहन स्वामियों की उम्मीदों पर ट्रेवल एजेंसियां पानी फेर देती है। कहा कि हरिद्वार व ऋषिकेश में स्थित ट्रेवल एजेंसियां अन्य राज्यों से वाहनों को किराए पर लेकर इनका संचालन यात्रा में करते है, जिसमें कि अधिकतर निजी वाहन शामिल होते है जोकि कम दाम पर हायर किए जाते है। जबकि स्थानीय वाहन चालकों को परिवहन के नियमों का पाठ पढ़ा कर उन्हें बेरोजगार किया जाता है। कहा कि पर्वतीय क्षेत्रों में वाहनों का संचालन लोगों की आर्थिकी का एक मुख्य साधन है। इसके लिए वह बैंक आदि से ऋण लेकर वाहन खरीदते है, लेकिन ट्रेवल एजेंसियों के कारण उन्हें बेरोजगार होना पड़ जाता है। महा संघ ने मांग की है कि निजी ट्रेवल एजेंसियों में स्थानीय वाहनों का संचालन किया जाय। ग्रीन कार्ड केवल ऋषिकेश व हरिद्वार से यात्रा में संचालित वाहनों के लिए अनिवार्य किया जाय। महासंघ की ओर से मांगों का एक ज्ञापन मुख्यमंत्री का भेजा गया। इस मौके पर महावीर बहुगुणा, विरेंद्र सिंह रावत, योगेंद्र सिंह, संदीप सिंह, सुरेंद्र सिंह, चंद्र सिंह, महिपाल सिंह, वृजमोहन व नत्थी सिंह आदि मौजूद थे।
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