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संयुक्त टीम ने नगर क्षेत्र में चलाया अतिक्रमण हटाओ अभियान
Updated Fri, 09 Feb 2018 10:37 PM IST
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श्रीनगर। यहां नगर क्षेत्र में शुक्रवार को तहसील प्रशासन, पुलिस, नगर पालिका परिषद और लोनिवि राष्ट्रीय राजमार्ग खंड ने संयुक्त रुप से अतिक्रमण हटाने का अभियान चलाया। प्रशासन ने सड़क के दायरे में आ रहे दुकान स्वामियों को संपत्ति संबंधी दस्तावेज प्रस्तुत करने के लिए 24 घंटे की मोहलत दी है। जो दस्तावेज प्रस्तुत नहीं करेगा, उसको अतिक्रमण मानते हुए ढहाने की कार्रवाई की जाएगी। टीम ने गोला बाजार में गलत तरीके खड़े वाहनों का चालान भी किया।
शहर क्षेत्र में समय-समय पर अतिक्रमण हटाने का अभियान चलाया जाता है, लेकिन हर बार दोबारा अतिक्रमणकारी कच्चा-पक्का निर्माण कार्य कर लेते हैं। शुक्रवार को सरकारी टीम ने फिर अतिक्रमण हटाने का अभियान चलाया। एसडीएम मायादत्त जोशी के नेतृत्व में ऋषिकेश-बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर पंचपीपल से गोला बाजार तक टीम ने दुकानों में जाकर संपत्ति संबंधी दस्तावेज मांगे। अधिकतर दुकानदारों का कहना था कि वह किरायेदार हैं, दुकान स्वामी कहीं बाहर रहते हैं। वह व्हाट्सएप से कागज मंगवा देंगे, लेकिन वह कागज नहीं मंगवा पाए।
टीम ने पंचपीपल के समीप अस्थायी दुकानों को हटवा दिया। जबकि अन्य दुकानदारों का सामान हटाने के लिए एक दिन का समय दिया। एसडीएम जोशी ने बताया कि जो दुकानदार/किरायेदार जमीन की रजिस्ट्री प्रस्तुत नहीं करेगा, शनिवार को उसकी दुकान हटा दी जाएगी। टीम में तहसीलदार सुनील राज, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका एसएन गुप्ता सहित अन्य विभागों के अधिकारी-कर्मचारी शामिल थे।
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राजस्व विभाग की भूमिका निष्पक्ष नहीं
श्रीनगर। अतिक्रमण को लेकर स्वयं राजस्व विभाग शक के दायरे में हैं। यह बात अधिकारियों के संज्ञान में भी है। जगह-जगह सरकारी जमीन पर खोखे/भवन खड़े हो गए। राजस्व विभाग के कर्मचारियों ने जान-पहचान वाले को चालान करके छोड़ दिया गया, जबकि अनजान लोगों का निर्माण कार्य रुकवा दिया या तोड़ दिया गया। ब्यूरो
शहर क्षेत्र में समय-समय पर अतिक्रमण हटाने का अभियान चलाया जाता है, लेकिन हर बार दोबारा अतिक्रमणकारी कच्चा-पक्का निर्माण कार्य कर लेते हैं। शुक्रवार को सरकारी टीम ने फिर अतिक्रमण हटाने का अभियान चलाया। एसडीएम मायादत्त जोशी के नेतृत्व में ऋषिकेश-बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर पंचपीपल से गोला बाजार तक टीम ने दुकानों में जाकर संपत्ति संबंधी दस्तावेज मांगे। अधिकतर दुकानदारों का कहना था कि वह किरायेदार हैं, दुकान स्वामी कहीं बाहर रहते हैं। वह व्हाट्सएप से कागज मंगवा देंगे, लेकिन वह कागज नहीं मंगवा पाए।
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टीम ने पंचपीपल के समीप अस्थायी दुकानों को हटवा दिया। जबकि अन्य दुकानदारों का सामान हटाने के लिए एक दिन का समय दिया। एसडीएम जोशी ने बताया कि जो दुकानदार/किरायेदार जमीन की रजिस्ट्री प्रस्तुत नहीं करेगा, शनिवार को उसकी दुकान हटा दी जाएगी। टीम में तहसीलदार सुनील राज, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका एसएन गुप्ता सहित अन्य विभागों के अधिकारी-कर्मचारी शामिल थे।
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राजस्व विभाग की भूमिका निष्पक्ष नहीं
श्रीनगर। अतिक्रमण को लेकर स्वयं राजस्व विभाग शक के दायरे में हैं। यह बात अधिकारियों के संज्ञान में भी है। जगह-जगह सरकारी जमीन पर खोखे/भवन खड़े हो गए। राजस्व विभाग के कर्मचारियों ने जान-पहचान वाले को चालान करके छोड़ दिया गया, जबकि अनजान लोगों का निर्माण कार्य रुकवा दिया या तोड़ दिया गया। ब्यूरो