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हेलंग-मारवाड़ी बाईपास मार्ग निर्माण का मामला पहुंचा एनजीटी
Updated Sat, 23 Dec 2017 10:22 PM IST
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जोशीमठ। ऑलवेदर रोड परियोजना के तहत बदरीनाथ हाईवे पर प्रस्तावित हेलंग-मारवाड़ी बाईपास मार्ग का मामला एनजीटी (नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल) के पास पहुंच गया है। पैनखंडा संघर्ष समिति ने मामले को लेकर एनजीटी में ऑनलाइन वाद दायर किया है। संघर्ष समिति के पदाधिकारियों ने बाईपास मार्ग निर्माण में एनजीटी के मानकों की अनदेखी करने की बात कही है।
पैनखंडा संघर्ष समिति के अध्यक्ष रमेश चंद्र सती का कहना है कि एनजीटी के मानकों के अनुरूप पहाड़ों में नदी तट से 50 मीटर क्षेत्र में सड़कों का निर्माण प्रतिबंधित है, जबकि प्रस्तावित हेलंग-मारवाड़ी बाईपास मार्ग अलकनंदा नदी तट के समीप है। लिहाजा यह एनजीटी के मानकों का खुलेआम उल्लंघन है। पूर्व में उच्च न्यायालय इलाहाबाद ने भी जोशीमठ नगर को होने वाले खतरे की रिपोर्ट को आधार मानते हुए हेलंग से मारवाड़ी तक सड़क निर्माण कार्य पर रोक लगाने के आदेश दिए थे।
पैनखंडा संघर्ष समिति के अध्यक्ष रमेश चंद्र सती का कहना है कि एनजीटी के मानकों के अनुरूप पहाड़ों में नदी तट से 50 मीटर क्षेत्र में सड़कों का निर्माण प्रतिबंधित है, जबकि प्रस्तावित हेलंग-मारवाड़ी बाईपास मार्ग अलकनंदा नदी तट के समीप है। लिहाजा यह एनजीटी के मानकों का खुलेआम उल्लंघन है। पूर्व में उच्च न्यायालय इलाहाबाद ने भी जोशीमठ नगर को होने वाले खतरे की रिपोर्ट को आधार मानते हुए हेलंग से मारवाड़ी तक सड़क निर्माण कार्य पर रोक लगाने के आदेश दिए थे।
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