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शैक्षणिक उन्नयन गोष्ठी में शैक्षणिक गति विधियों पर दिए सुझाव
Updated Fri, 22 Dec 2017 10:21 PM IST
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श्रीनगर। राजकीय जूनियर शिक्षक संगठन की गोष्ठी में शिक्षण की गुणवत्ता व विद्यालयों में घटती छात्र संख्या पर सुझाव दिए गए।
शुक्रवार को पालिका सभागार में विकासखंड खिर्सू के राजकीय जूनियर हाईस्कूल(पूर्व माध्यमिक) शिक्षक संगठन की ओर से शैक्षिक उन्न्यन एवं विचार गोष्ठी आयोजित की गई। इस मौके पर सरकारी विद्यालयों में घटती छात्र संख्या, प्रभावी शिक्षण कार्य योजना, त्र्शिक्षा का अधिकार के तहत सतत एवं व्यापक मूल्यांकन का प्रभावी संचालन, सीखने के प्रतिफल तथा शैक्षिक उद्देश्य पूर्ति में एसएमसी की भूमिका आदि विषयों पर विचार व्यक्त कर सुझाव दिए गए। शिक्षकों ने सुझाव दिया कि शिक्षा का उन्नयन तभी संभव है जब शिक्षकों से मात्र शिक्षण कार्य ही करवाया जाए। साथ ही प्रत्येक कक्षा के लिए एक शिक्षक की नियुक्ति हो। कहा कि शिक्षकों को भी अपनी जिम्मेदारियों को समझना होगा। संगठन के जिलाध्यक्ष कुंवर सिंह राणा ने कहा कि शिक्षक मन लगा कर अपने दायित्वों को निभाएं। जिला मंत्री भगत सिंह भंडारी ने सुझाव दिया कि शिक्षक नवाचार के माध्यम से शिक्षण को रुचिकर बनाएं ताकि छात्रों को जल्दी समझ में आ सके। मुख्य अतिथि पालिका अध्यक्ष विपिन चंद्र मैठानी ने कहा कि सरकारी विद्यालयों में घटती छात्र संख्या चिंता का विषय है। जिस पर सभी को सोचने व समझने की जरूरत है। खिर्सू ब्लाक के उप शिक्षाधिकारी प्रेम लाल भारती ने सुझाव दिया कि शिक्षक शिक्षण कार्य के साथ ही अभिभावकों से भी संवाद बनाए रखें। इस मौके पर भरत सिंह बुटोला, मुकेश काला, पदमेंद्र लिंगवाल, इंद्रमोहन नैथानी, मनोज नौडियाल, जयदयाल चौहान आदि मौजूद थे।