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देहरादून, नंदप्रयाग और लदोली की टीम पहुंची फाइनल में
Updated Mon, 18 Dec 2017 10:29 PM IST
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श्रीनगर। राज्य स्तरीय मांगल प्रतियोगिता में देहरादून, नंदप्रयाग और लदोली की टीमें फज्ञइनल में पहंच गई हैं। प्रतियोगिता के चौथे दिन नंदप्रयाग, लदोली, द्वाराहाट, देहरादून और श्रीनगर सहित अन्य स्थानों से आई टीमों ने मांगल प्रस्तुत किए। मंगलवार (आज) ो प्रतियोगिता का अंतिम लीग मुकाबला होगा। जबकि बुधवार को फाइनल के लिए चयनित 15 टीमों में मुकाबला होना है।
अदिति न्यास की ओर से 15 दिसंबर से शहर में राज्य स्तरीय मांगल प्रतियोगिता में प्रतिदिन तीन टीमों का चुनाव फाइनल के लिए किया जा रहा है। बुधवार को पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष मोहन लाल जैन ने प्रतियोगिता का शुभारंभ किया। इस मौके पर उन्होंने कार्यक्रम आयोजकों की सराहना की। उन्होंने कहा कि गढ़वाल और कुमाऊं की संस्कृति को एक मंच पर लाकर उत्तराखंड की संस्कृति को बचाया जा सकता है। संचालक डा. संजय पांडे ने कहा कि नई पीढ़ी तक उत्तराखंड की परंपरा को पहुंचाने के लिए कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। खत्म हो रही मांगल पंरपरा को ऐसे कार्यक्रमों से संरक्षित किया जा सकता है।
बुधवार को 9 टीमों ने प्रतिभाग किया। इनमें से हरियाली देवी मांगल समिति लदोली, नंदा मांगल समिति नंदप्रयाग और सुर संगम मांगल समिति देहरादून ने फाइनल में प्रवेश किया। निर्णायक मंडल में प्रो. डीआर पुरोहित, लता तिवाड़ी पांडे व मनोज थापा शामिल थे।
अदिति न्यास की ओर से 15 दिसंबर से शहर में राज्य स्तरीय मांगल प्रतियोगिता में प्रतिदिन तीन टीमों का चुनाव फाइनल के लिए किया जा रहा है। बुधवार को पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष मोहन लाल जैन ने प्रतियोगिता का शुभारंभ किया। इस मौके पर उन्होंने कार्यक्रम आयोजकों की सराहना की। उन्होंने कहा कि गढ़वाल और कुमाऊं की संस्कृति को एक मंच पर लाकर उत्तराखंड की संस्कृति को बचाया जा सकता है। संचालक डा. संजय पांडे ने कहा कि नई पीढ़ी तक उत्तराखंड की परंपरा को पहुंचाने के लिए कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। खत्म हो रही मांगल पंरपरा को ऐसे कार्यक्रमों से संरक्षित किया जा सकता है।
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बुधवार को 9 टीमों ने प्रतिभाग किया। इनमें से हरियाली देवी मांगल समिति लदोली, नंदा मांगल समिति नंदप्रयाग और सुर संगम मांगल समिति देहरादून ने फाइनल में प्रवेश किया। निर्णायक मंडल में प्रो. डीआर पुरोहित, लता तिवाड़ी पांडे व मनोज थापा शामिल थे।
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