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सदा शिव रामलीला कमेटी की ओर से आयोजित रामलीला मंचन में उमड़ा आस्था का सैलाब
Updated Sun, 29 Oct 2017 10:14 PM IST
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कर्णप्रयाग। सदा शिव रामलीला कमेटी कर्णप्रयाग की ओर से आयोजित रामलीला मंचन के सातवें दिन हनुमान दर्शन में भारी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। रामलीला मंचन में आयोजकों की ओर से हनुमान दर्शन की भव्य झांकी निकाली गई।
आचार्यों और श्रद्धालुओं ने वैदिक मंत्रोच्चारों के साथ राम भक्त हनुमान की पूजाएं संपादित कर 56 भोगों का प्रसाद अर्पित किया। इस दौरान श्री राम और लक्ष्मण सीता की खोज में रिष्यमूक पर्वत पर पहुंचते हैं। इस दौरान राजा सुग्रीव के गुप्तचर उनको सूचित करते हैं कि दो राजकुमार से प्रतीत होने वाले युवक उनकी सीमा में घूम रहे हैं। सुग्रीव हनुमान को भेजते हुए कहते हैं कि अगर बाली के भेजे हुए गुप्तचर हों तो उनको इशारा कर देना। हनुमान श्री राम को देख उनके चरणों में नत मस्तक होते हुए अपने प्रभु को समीप पाकर भावुक हो जाते हैं और सुग्रीव के दरबार में ले जाते हैं। सुग्रीव राम को बाली की ओर से दी गई प्रताड़ना के बारे में बताते हैँ। तो श्री राम सुग्रीव को बाली के साथ युद्ध करने के लिए कहते हैं। बाली तथा सुग्रीव के भीषण संग्राम में श्री राम बाली का वध कर देते हैं। इस मौके पर बतौर मुख्य अतिथि सीएचसी कर्णप्रयाग के सर्जन डा. राजीव शर्मा कमेटी के अध्यक्ष दिनेश मैखुरी, डा. उमा शर्मा, सीएस नौटियाल, सरदार संत सिंह, कांति प्रसाद डिमरी, प्रताप लूथरा, मुमताज, संजय डिमरी, पार सिंह कंडवाल आदि मौजूद थे।
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आचार्यों और श्रद्धालुओं ने वैदिक मंत्रोच्चारों के साथ राम भक्त हनुमान की पूजाएं संपादित कर 56 भोगों का प्रसाद अर्पित किया। इस दौरान श्री राम और लक्ष्मण सीता की खोज में रिष्यमूक पर्वत पर पहुंचते हैं। इस दौरान राजा सुग्रीव के गुप्तचर उनको सूचित करते हैं कि दो राजकुमार से प्रतीत होने वाले युवक उनकी सीमा में घूम रहे हैं। सुग्रीव हनुमान को भेजते हुए कहते हैं कि अगर बाली के भेजे हुए गुप्तचर हों तो उनको इशारा कर देना। हनुमान श्री राम को देख उनके चरणों में नत मस्तक होते हुए अपने प्रभु को समीप पाकर भावुक हो जाते हैं और सुग्रीव के दरबार में ले जाते हैं। सुग्रीव राम को बाली की ओर से दी गई प्रताड़ना के बारे में बताते हैँ। तो श्री राम सुग्रीव को बाली के साथ युद्ध करने के लिए कहते हैं। बाली तथा सुग्रीव के भीषण संग्राम में श्री राम बाली का वध कर देते हैं। इस मौके पर बतौर मुख्य अतिथि सीएचसी कर्णप्रयाग के सर्जन डा. राजीव शर्मा कमेटी के अध्यक्ष दिनेश मैखुरी, डा. उमा शर्मा, सीएस नौटियाल, सरदार संत सिंह, कांति प्रसाद डिमरी, प्रताप लूथरा, मुमताज, संजय डिमरी, पार सिंह कंडवाल आदि मौजूद थे।
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