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शहर में रोजगार के लिए आईकार्ड जरुरी
Updated Sat, 28 Oct 2017 10:55 PM IST
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श्रीनगर। कोतवाली क्षेत्र श्रीनगर में बिना आईकार्ड (पहचान पत्र) के कॉमर्शियल वाहन चालक और फड़-ठेली चालक काम नहीं कर सकेंगे। शनिवार को उक्त लोगों को कार्ड वितरित किए गए। पुलिस ने छूटे फड़ व्यवसायी व वाहन चालकों को कार्ड बनाने के लिए एक हफ्ते का वक्त दिया है। इसके बाद अगर कोई बिना कार्ड के कोतवाली क्षेत्र में काम करते हुए पाया गया, तो उसको शहर से बाहर कर दिया जाएगा।
शनिवार को पुलिस की ओर से कोतवाली में आईकार्ड वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गय, जिसमें 380 आईकार्ड वितरित किए गए। इस मौके पर एसएसपी पौड़ी जगतराम जोशी ने कहा कि पहले पहाड़ का माहौल शांत था। अब यहां भी गंभीर आपराधिक घटनाएं होने लगी हैं। कई बार घटना होने पर पीड़ित या अन्य लोगों के पास आरोपी की कोई पहचान नहीं होती, ऐसे में अपराधी को ढूंढना मुश्किल हो जाता है। इसके देखते हुए फड़-ठेली मजदूरों और कॉमर्शियल वाहन चालकों की पहचान के बाद आईकार्ड बनाए गए हैं। यह कार्ड व्यवसायरत व्यक्ति को अपने गले में टांगना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि किसी के आस-पास कुछ संदिग्ध गतिविधि या व्यक्ति दिखाई देता है, तो इसकी सूचना पुलिस को जरूर दें। सूचना देने वाले की पहचान गुप्त रखी जाएगी। कार्यक्रम में पुलिस क्षेत्राधिकारी धन सिंह तोमर, व्यापार सभा अध्यक्ष वासुदेव कंडारी, जगदीप रावत, गिरीश पैन्यूल, अवनीश सडाना आदि मौजूद थे। कार्यक्रम का संचालन एसएसआई जितेंद्र सिंह चौहान ने किया।
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शनिवार को पुलिस की ओर से कोतवाली में आईकार्ड वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गय, जिसमें 380 आईकार्ड वितरित किए गए। इस मौके पर एसएसपी पौड़ी जगतराम जोशी ने कहा कि पहले पहाड़ का माहौल शांत था। अब यहां भी गंभीर आपराधिक घटनाएं होने लगी हैं। कई बार घटना होने पर पीड़ित या अन्य लोगों के पास आरोपी की कोई पहचान नहीं होती, ऐसे में अपराधी को ढूंढना मुश्किल हो जाता है। इसके देखते हुए फड़-ठेली मजदूरों और कॉमर्शियल वाहन चालकों की पहचान के बाद आईकार्ड बनाए गए हैं। यह कार्ड व्यवसायरत व्यक्ति को अपने गले में टांगना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि किसी के आस-पास कुछ संदिग्ध गतिविधि या व्यक्ति दिखाई देता है, तो इसकी सूचना पुलिस को जरूर दें। सूचना देने वाले की पहचान गुप्त रखी जाएगी। कार्यक्रम में पुलिस क्षेत्राधिकारी धन सिंह तोमर, व्यापार सभा अध्यक्ष वासुदेव कंडारी, जगदीप रावत, गिरीश पैन्यूल, अवनीश सडाना आदि मौजूद थे। कार्यक्रम का संचालन एसएसआई जितेंद्र सिंह चौहान ने किया।
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