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श्रीनगर जल विद्युत परियोजना के लिए रोका अधिकांश पानी
Updated Wed, 27 Sep 2017 10:39 PM IST
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श्रीनगर। श्रीनगर जल विद्युत परियोजना की झील में अलकनंदा का पानी रोके जाने से एजेंसी मोहल्ले स्थित जल संस्थान के पंपों तक पानी नहीं पहुंच पा रहा है। इस वजह से पौड़ी और श्रीनगर शहर की जलापूर्ति बाधित हो गई। बुधवार सुबह 10 बजे से जल संस्थान के पंप बंद पड़े हैं। हालांकि जल संस्थान को नदी को चैलनाइज्ड (प्रवाह मोड़ने) के लिए कंपनी से धनराशि देने की बात हुई थी, लेकिन पूर्व का भुगतान अटका होने से संस्थान ने काम नहीं करवाया।
पिछले दिनों हुई बारिश से जल विद्युत परियोजना की झील से एकाएक भारी पानी छोड़े जाने से पंप चोक हो गए थे। इससे श्रीनगर, पौड़ी और श्रीकोट की पेयजल आपूर्ति गड़बड़ाई रही। अब झील में पानी रोके जाने की वजह से श्रीनगर और पौड़ी के पंप बंद हो गए हैं। अलकनंदा का ज्यादातर पानी परियोजना की शक्ति नहर में मोड़े जाने की वजह से कोटेश्वर से श्रीनगर के बीच काफी मात्रा में पानी बह रहा है। इस वजह से एजेंसी मोहल्ले मेें जहां जल संस्थान के पंप हैं, वहां तक पानी नहीं पहुंच पा रहा है। पानी का प्रवाह दूसरी ओर है। सुबह 10 बजे तक तो पंप किसी तरह चलते रहे, लेकिन इसके बाद पानी सूख जाने से पंप बंद हो गए।
इंसेट
कंपनी करेगी भुगतान
श्रीनगर। एक सप्ताह पूर्व जिलाधिकारी सुशील कुमार की अध्यक्षता में पौड़ी में जल संस्थान, जल निगम और एएचपीसीएल के अधिकारियों की बैठक हुई थी। इसमें तय हुआ था कि जल संस्थान अलकनंदा को चैलनाइज्ड कर पानी का प्रवाह पंप की ओर करेगा। इसके लिए फिलहाल एएचपीसीएल दो लाख रुपये देगा।
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इंसेट
क्या कहते हैं अधिकारी
- बैठक मेें सहमति बनी थी कि पानी को जल संस्थान चैलनाइज्ड करेगा। इस पर होने वाला व्यय एएचपीसीएल वहन करेगा। - सुशील कुमार, डीएम पौड़ी।
- पानी पंप तक नहीं पहुंच पा रहा है। नदी में बह रहे पानी को पंप की ओर लाने के लिए चैलनाइज्ड करना पड़ेगा। जब पंप 24 घंटों काम करते हैं, तब सुचारु सप्लाई हो पाती है। - एसके गुप्ता, ईई जल संस्थान पौड़ी ।
- कंपनी चैलनाइज्ड करने के लिए धनराशि देने को तैयार है। पुराना भुगतान भी कर दिया जाएगा। - वाईआर शर्मा, उपमहाप्रबंधक जनंसपर्क एएचपीसीएल
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पिछले दिनों हुई बारिश से जल विद्युत परियोजना की झील से एकाएक भारी पानी छोड़े जाने से पंप चोक हो गए थे। इससे श्रीनगर, पौड़ी और श्रीकोट की पेयजल आपूर्ति गड़बड़ाई रही। अब झील में पानी रोके जाने की वजह से श्रीनगर और पौड़ी के पंप बंद हो गए हैं। अलकनंदा का ज्यादातर पानी परियोजना की शक्ति नहर में मोड़े जाने की वजह से कोटेश्वर से श्रीनगर के बीच काफी मात्रा में पानी बह रहा है। इस वजह से एजेंसी मोहल्ले मेें जहां जल संस्थान के पंप हैं, वहां तक पानी नहीं पहुंच पा रहा है। पानी का प्रवाह दूसरी ओर है। सुबह 10 बजे तक तो पंप किसी तरह चलते रहे, लेकिन इसके बाद पानी सूख जाने से पंप बंद हो गए।
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कंपनी करेगी भुगतान
श्रीनगर। एक सप्ताह पूर्व जिलाधिकारी सुशील कुमार की अध्यक्षता में पौड़ी में जल संस्थान, जल निगम और एएचपीसीएल के अधिकारियों की बैठक हुई थी। इसमें तय हुआ था कि जल संस्थान अलकनंदा को चैलनाइज्ड कर पानी का प्रवाह पंप की ओर करेगा। इसके लिए फिलहाल एएचपीसीएल दो लाख रुपये देगा।
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क्या कहते हैं अधिकारी
- बैठक मेें सहमति बनी थी कि पानी को जल संस्थान चैलनाइज्ड करेगा। इस पर होने वाला व्यय एएचपीसीएल वहन करेगा। - सुशील कुमार, डीएम पौड़ी।
- पानी पंप तक नहीं पहुंच पा रहा है। नदी में बह रहे पानी को पंप की ओर लाने के लिए चैलनाइज्ड करना पड़ेगा। जब पंप 24 घंटों काम करते हैं, तब सुचारु सप्लाई हो पाती है। - एसके गुप्ता, ईई जल संस्थान पौड़ी ।
- कंपनी चैलनाइज्ड करने के लिए धनराशि देने को तैयार है। पुराना भुगतान भी कर दिया जाएगा। - वाईआर शर्मा, उपमहाप्रबंधक जनंसपर्क एएचपीसीएल